संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। कोरोना संक्रमण का प्रभाव कम होने के बाद लगभग सभी सार्वजनिक स्थलों पर लोगों का आना-जाना शुरू हो गया है। धार्मिक, सामाजिक समेत अन्य कार्यक्रम भी किए जा रहे हैं। वहीं बाजारों में कोरोना नियमों की अनदेखी कर उमड़ रही भीड़ से संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ रहा है।
देश में कोरोना की संभावित तीसरी लहर को लेकर चिंता बनी हुई है। तीसरी लहर को रोकने के लिए विभिन्न स्तर पर काम किए जा रहे हैं। सरकार ने धार्मिक सहित निजी कार्यक्रम में भी लोगों की उपस्थिति की संख्या व स्थान का दायरा तय किया है। वहीं बाजारों में उमड़ी रही भीड़ से कोरोना संक्रमण फैलने का खतरा भी बढ़ रहा है।
वहीं शहर के बाजारों में पार्किंग की व्यवस्था नहीं है, जिस कारण रोजाना जाम लगता है और लोग काफी देर तक निकलने के लिए मशक्कत करते रहते हैं। सामान्य दिनों में ही ऐसे हालात होते हैं, वहीं त्योहार के दिनों में हालात ऐसे हो जाते हैं, कि यहां पैर रखने की भी जगह नहीं होती। इन हालतों में शारीरिक दूरी बनाना असंभव है।
शहर के बाजारों में पार्किंग न होने के कारण चारों तरफ अव्यवस्था फैली है। जाम से लोगों को तो परेशानी होती ही है, वहीं व्यापार पर भी इसका असर पड़ रहा है। नगर निगम सदन की बैठक में शहर के बाजारों में पार्किंग की मांग उठाई जाती है। सिदन की ओर से पार्किंग के विकल्प तलाशने के आदेश दिए जाते हैं, लेकिन इसे कभी सिरे नहीं चढ़ाया गया।
दुकानदार चाहते हैं बाजार के पास ही हो पार्किंग
रेलवे रोड स्थित बाजार, न्यू मार्केट, मीराबाई बाजार, जगाधरी वर्कशॉप, छोटी लाइन, प्यारा चौक, मॉडल टाउन सहित जगाधरी के रेलवे बाजार, खेड़ा बाजार, देवीभवन बाजार सहित अन्य तमाम बाजारों में हर दिन जाम लगता है। यहां के दुकानदार भी इससे निकलना नहीं चाहते हैं, चूंकि इस पर उनका व्यापार भी टिका है। व्यापारी भी पार्किंग समस्या को कोसते हैं, लेकिन वह चाहते हैं कि पार्किंग पास में ही होनी चाहिए। ताकि ग्राहकों को ज्यादा दूर पैदल न चलना पड़े।
शहर की पार्किंग व्यवस्था को लेकर नगर निगम गंभीर है। अधिकारियों की टीम बनाकर बाजारों में ही पार्किंग व्यवस्था किए जाने की योजना बनाई जा रही है। संभव है कि त्योहार से पूर्व पार्किंग की व्यवस्था कर दी जाए। ऐसा नहीं हुआ तो त्योहार में इसकी अस्थायी व्यवस्था की जाएगी। - मदन चौहान, मेयर, यमुनानगर।