यमुनानगर। सेशन कोर्ट जगाधरी में तैनात एडवोकेट प्रियंका मिश्रा को 27 अप्रैल तक सिर में गोली मारकर जान से मारने की धमकी दी गई है। इस संबंध में अधिवक्ता के चैंबर में टेबल पर पत्र मिलने के बाद पुलिस को शिकायत दी गई है। आरोप है कि उन्होंने एक एनजीओ के तीन लोगों के खिलाफ आरटीआई लगाई हुई है और अदालत में भी केस दायर किया हुआ है। आरोप है कि इसी रंजिश में उन्होंने अन्य व्यक्ति के माध्यम से धमकी दी है। पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
एडवोकेट प्रियंका मिश्रा ने सेक्टर-17 पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह सेशन कोर्ट जगाधरी के चैंबर नंबर-108 में बैठकर प्रैक्टिस करती है। वह रोज की तरह 12 अप्रैल को अपने कार्यस्थल पर पहुंची तो उसके टेबल पर एक पत्र रखा हुआ था। जब उसने पत्र को पढ़ा तो उसमें किसी मोहित अग्रवाल के नाम से उसे 27 अप्रैल तक सिर में गोली मारकर जान से मारने की धमकी दी हुई थी। साथ ही अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया हुआ था। एडवोकेट प्रियंका मिश्रा ने बताया कि वह किसी मोहित अग्रवाल को नहीं जानती, लेकिन उससे बात करने पर उसे पता चला कि उसकी मोनिका गुलाटी, नकुल गुलाटी और रश्मि गोयल के साथ जानकारी है। ये तीनों आरोपी डीआरओ नाम से एक एनजीओ चलाते हैं। पिछले कुछ समय से इन तीनों के खिलाफ आरटीआई व अदालत के माध्यम से लड़ाई चल रही है। आरटीआई के माध्यम से उसने उनकी कार्यप्रणाली के बारे में जानकारी मांगी है। आरोप है कि एनजीओ के नाम पर ये लोग सरकार से दान लेते थे, लेकिन केस करने के बाद से इन्हें सरकार से डोनेशन मिलना बंद हो गया। आरोप है कि इसी नुकसान की वजह से आरोपियों ने मोहित अग्रवाल के माध्यम से धमकी दी है। शिकायत पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ जान से मारने की धमकी देने के आरोप में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच अधिकारी एएसआई इरशाद अली का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी।