यमुनानगर। एचडीएफसी बैंक के बाहर व्यापारी के चालक श्रवण सिंह की गोली मारकर हत्या कर 50.09 लाख रुपये लूटने वाले मुख्य आरोपी दिलप्रीत की मां भगवानपुर निवासी चरणजीत कौर को सीआईए-2 की टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। इस केस में उसे साजिश में शामिल होने का आरोपी बनाया गया है।
लूट के बाद मुख्य आरोपी दिलप्रीत ने अपनी मां के खाते में लूट के लाखों रुपये जमा करवा दिए थे। पूछताछ के दौरान आरोपी चरणजीत कौर से लूटे गए रुपयों में से तीन लाख रुपये बरामद कर लिए गए हैं। आरोपी महिला को सोमवार को अदालत में पेश किया गया। जहां से उसे दो दिन के रिमांड पर लिया गया है। रिमांड के दौरान उससे लूट की और रकम की रिकवरी की जाएगी।
सीआईए-2 इंचार्ज राकेश कुमार ने बताया कि 17 मई को बंसल ट्रेडर्स पर कार्य करने वाला श्रवण सिंह महाराणा प्रताप चौक के नजदीक स्थित एचडीएफसी बैंक में कैश जमा कराने के लिए आया था। जब वह कार से उतरकर बैंक की ओर जाने लगा, तो बाइक सवार बदमाशों ने उसकी गोली मारकर हत्या कर उससे 50.09 लाख रुपये लूटकर फरार हो गए थे। मामले की तफ्तीश करते हुए सीआईए-2 की टीम ने मुख्य आरोपी भगवानपुर निवासी दिलप्रीत उर्फ सरबजीत को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में सामने आया कि दिलप्रीत ने गैंग बना रखा था। इसके बाद उसके साथी मनीष, राहुल, सर्वप्रीत, मनदीप, दमनदीप व भोजपुर निवासी गुरदीप को काबू किया गया था। इनसे पिस्टल, ज्वेलरी और साढ़े 11 लाख रुपये पुलिस ने बरामद किए। पूछताछ में पता चला था कि दिलप्रीत ने अपने साथियों के साथ मिलकर निरंकारी ज्वेलर विनोद को गोली मारकर जेवरात लूटने, रादौर में गश्त कर रहे एसआई को गोली मारने और पीलिंग व्यापारी से दो लाख 80 हजार रुपये लूटने की वारदातों को भी अंजाम दिया था। पुलिस की जांच में सामने आया कि सरबजीत अपने पिता बलदेव की शह पर क्राइम करता था। पुलिस ने बलदेव को भी साजिश रचने का आरोपी बनाया गया और उसे भी गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। उससे भी पुलिस 26 लाख रुपये बरामद कर चुकी है। सीआईए इंचार्ज राकेश कुमार का कहना है कि आरोपी महिला से पूछताछ की जा रही है। पूछताछ में उससे लूट के और रुपये बरामद किए जाएंगे।