सेक्टर-15 में रहने वाले 73 वर्षीय प्रोफेसर डॉ. सोहन लाल सैनी ने पर्यावरण संरक्षण को बनाए रखने के लिए कसम खाई है। उन्होंने सिटी में पौधे लगाकर चारों तरफ हरियाली बिखेर दी। इसलिए डॉ. सैनी ग्रीनमैन के नाम से जाने जाते हैं। उनकी यह मुहिम अब दूसरों के लिए मशाल बन गई। शहर के बाद कुरुक्षेत्र, अंबाला और पंचकूला जिलों में भी मुहिम को चलाए हुए हैं।
डॉ. सैनी के 31 साल की कड़ी मेहनत से अब तक ढाई लाख पौधे लगा चुके हैं। उन्होंने इस अभियान में अपनी आधी से ज्यादा जिंदगी गुजार दी है। उन्होंने ठाना है जब तक उनकी जान में जान है वे इसी तरह से पर्यावरण संरक्षण को बनाए रखने के लिए पौधरोपण करते रहेंगे।
डॉ. सैनी बताते हैं पर्यावरण को सुधारने के लिए अपनी जेब से 15 हजार रुपये लगाकर शहर में पौधरोपण अभियान चलाया। बिना किसी मदद के एक वर्ष तक उसकी देखरेख की। इस दौरान 500 पौधों में से 50 नष्ट हो गए जबकि अन्य वृक्ष के रूप में तैयार हो गए। इसे देखकर लोगों का कारवां जुड़ता चला गया। उन्होंने बताया कि गणित विषय में पीएचडी करने के बाद वे वर्ष में दो देशों के बीच में कल्चरल एक्सचेंज के तहत गणित विषय की टीचिंग असाइनमेंट के लिए इराक की अल-अंबार यूनिवर्सिटी में पढ़ाने चले गये थे। असाइनमेंट खत्म करके वह वापस अपने कॉलेज की नौकरी ज्वाइन करने के बाद 1991 में पर्यावरण संरक्षण खासकर पौधरोपण के बारे में कुछ ठोस कार्य करने की ठानी। उन्होंने बताया कि जेब 15 हजार रुपये खर्च कर पौधरोपण शुरू किया। धीरे-धीरे लोग जुड़ते गये फिर अपने 65 दोस्तों से ढाई-ढाई सौ रुपये मांग कर कार्य की सफलता देखते हुए लोग जुड़ते गए और अब उनकी इस मुहिम में लगभग 15 हजार लोग जुड़ चुके हैं।