हरियाणा के जिला सोनीपत पुलिस ने दिवाली पर सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए हैं। शहर और कस्बों को अलग-अलग भागों में बांटकर विशेष इंतजाम किए गए हैं।
जिला पुलिस प्रवक्ता जगजीत सिंह ने बताया कि दिवाली पर एसपी अरुण सिंह ने डीएसपी, थाना और चौकी प्रभारियों को सख्त निर्देश दिए हैं।
उन्होंने शहर सोनीपत, कस्बा गोहाना, गन्नौर और खरखौदा के भीड़ वाले क्षेत्रों, बाजारों, बस अड्डों पर चौकसी का आदेश दिया है।
इसके लिए शहर सोनीपत को 18 भागों में, खरखौदा और गन्नौर को दो-दो व गोहाना को चार भागों में बांटा गया है।
यहां मोटरसाइकिल राइडर और पीसीआर के साथ ही पैदल गश्त भी बढ़ाई गई है। 13 पीसीआर और 39 राइडर हर समय गश्त पर रहेंगे।
पुलिस अधीक्षक ने होटल, ढाबा, सराय, धर्मशाला, धार्मिक स्थलों, अतिथि गृहों पर विशेष नजर रखने के निर्देश दिए हैं।
यातायात को रखा जाएगा दुरुस्त
सड़कों पर यातायात के बढ़ते दबाव को देखते हुए यातायात प्रभारी सोनीपत, प्रभारी ट्रैफिक थाना मुरथल, प्रभारी यातायात गोहाना, खरखौदा को खासतौर से निर्देशित कियाहै कि वे अपने क्षेत्र में यातायात को निर्बाध व सुचारू रखें। ट्रैफिक जवानों के साथ ही थाना, चौकियों से भी पुलिसकर्मी नियुक्त करें।
निर्धारित स्थान पर करें पटाखों की बिक्री
जिला प्रशासन द्वारा जारी अस्थायी लाइसेंस धारक ही निर्धारित स्थानों पर ही आतिशबाजी आदि की बिक्री कर सकते हैं।
निर्धारित स्थानों के अलावा अन्य स्थानों पर पटाखे बेचने वालों के खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई करेगी।
प्रशासन ने सोनीपत शहर में मिनी सचिवालय कालोनी के सामने वाले मैदान, मुरथल रोड स्थित शुभम गार्डन के सामने वाले मैदान, सेक्टर-15 स्थित हुडा कार्यालय के सामने वाले मैदान, गोहाना शहर में नई सब्जी मंडी वाले मैदान, गन्नौर शहर में बीएसटी फैक्ट्री के खाली मैदान व खरखौदा शहर में मटिंडू रोड पर शिशु दफन भूमि के सामने नगरपालिका की खाली पड़ी जमीन को पटाखा बेचने के लिए निर्धारित किया है।
अग्निशमन वाहनों को किया निर्देशित
जिला पुलिस ने अगिभनशमन वाहनों और एंबुलेंस को भी निर्देशित किया है। उन्हें अपने स्थानों पर हर समय तैयार रहने के लिए कहा गया है। साथ हीदुकानदारों को भी अपनी स्टाल के साथ अग्निशमन यंत्र और रेत रखने को कहा गया है।
प्रदूषण पर भी रखें नियंत्रण : एसपी
पुलिस अधीक्षक अरुण सिंह ने जिला निवासियों को दिवाली पर पर्यावरण का ध्यान रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि बम, पटाखे आदि जलने से पर्यावरण दूषित होता है, जो सभी के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। सभी को पर्यावरण की सुरक्षा के लिए सचेत रहना चाहिए। पटाखों से जहां तक हो सके, दूरी बनानी चाहिए।