कोरोना के केस लगातार मिलने के साथ मौत का आंकड़ा भी बढ़ रहा है। कोरोना से सोमवार को दो लोगों की मौत होने की पुष्टि हुई है। गांव पुठी के 66 वर्षीय रिटायर्ड रेलकर्मी व खरखौदा के 46 वर्षीय व्यक्ति की कोरोना से मौत हो गई। इसके साथ ही कोरोना से मरने वालों की संख्या 261 हो गई है। सोमवार को कोरोना के 332 नए संक्रमित भी मिले हैं। इनमें छह चिकित्सक शामिल हैं। आरटीपीसीआर की संक्रमण दर 62.17 फीसदी रही। हालांकि थोड़ी राहत की बात यह है कि 649 मरीज ठीक हुए हैं। जिससे सक्रिय मरीज घटकर 2610 हो गए हैं। कोरोना संक्रमितों का कुल आंकड़ा अब 55 हजार 253 हो गया है। कोरोना से ठीक होने वालों की संख्या 52 हजार 382 हो गई है।
सिविल सर्जन डॉ. जयकिशोर ने बताया कि बीपीएस मेडिकल कॉलेज खानपुर कलां में पांच चिकित्सक व एक स्टाफ कर्मी कोरोना संक्रमित मिले हैं। वहीं जिला नागरिक अस्पताल में नेत्र रोग विशेषज्ञ कोरोना संक्रमित मिली हैं। इसके अलावा अशोका यूनिवर्सिटी में 23, राई खेलकूद विद्यालय में 14, सोहटी में छह, रामपुरा गन्नौर में 20 वर्षीय भाई-बहन, जिला कारागार में पांच और गांव निजामपुर खुर्द में दपंती समेत उनकी 15 वर्षीय बेटी व उनकी 70 वर्षीय मां भी कोरोना संक्रमित मिले हैं।
लोगों की लापरवाही पड़ रही भारी
रोजाना सैकड़ों की संख्या में कोरोना संक्रमित मिल रहे हैं, फिर भी लोग लापरवाही कर रहे हैं। बाजारों में लोग कोरोना नियमों का पालन तक नहीं कर रहे हैं। लोग बाजार में बिना मास्क लगाए खरीदारी करने पहुंच रहे हैं और दुकानों पर भी कोरोना के नियमों का पालन नहीं किया जा रहा। लोगों की लापरवाही के कारण लगातार कोरोना के नए संक्रमित मिल रहे हैं। जिसके चलते कोरोना के सक्रिय केस 2610 हैं।
आरटीपीसीआर की संक्रमण दर 62.17 फीसदी
स्वास्थ्य विभाग की ओर से सोमवार को जिले में 1501 लोगों के सैंपल लिए गए। इसमें 1230 आरटीपीसीआर और 271 रैपिड एंटीजन टेस्ट शामिल हैं। रैपिड एंटीजन टेस्ट की सभी रिपोर्ट सोमवार को ही प्राप्त कर ली गई थी। इसमें से कोई भी व्यक्ति संक्रमित नहीं मिला। दूसरी ओर आरटीपीसीआर की पुरानी 534 रिपोर्ट भी सोमवार को प्राप्त हुई। इसमें से 332 लोगों को संक्रमित पाया गया है। इस टेस्ट की संक्रमण दर 62.17 फीसदी रही। इन सभी मरीजों को होम आइसोलेशन में भेजा गया है।
एक कोरोना संक्रमित को थी डायबिटीज की शिकायत
सोमवार को दो मरीज की मौत की पुष्टि की गई है। जिनमें गांव पुठी के रहने वाले 66 वर्षीय रिटायर्ड रेल कर्मचारी थे। उन्हें 20 जनवरी को डायरिया हो गया था। इसके बाद परिजन उन्हें 22 जनवरी को बीपीएस मेडिकल कॉलेज में ले गए थे। वहां पर उनका ईसीजी, एक्सरे किया गया। इसके बाद उसकी कोरोना जांच के लिए सैंपल लिए गए। हालत ठीक होने पर उन्हें घर वापस भेज दिया गया। इसके बाद उसकी कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव मिली और 23 जनवरी को सुबह 6.30 बजे उसकी मौत हो गई थी। उन्होंने वैक्सीन की दोनों डोज लगवा रखी थी। कोविड नियमों के साथ उनके शव का अंतिम संस्कार किया गया। वहीं वाल्मीकि मोहल्ला खरखौदा के रहने वाले 46 वर्षीय व्यक्ति की भी कोरोना से मौत हो गई। वह डायबिटीज से पीड़ित थे। उसकी हालत खराब होने पर 20 जनवरी को बीपीएस मेडिकल कॉलेज में भर्ती किया गया। 22 जनवरी को उसकी कोरोना जांच के लिए सैंपल लिए गए और 23 जनवरी को उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव मिली। अस्पताल में उपचार के दौरान सोमवार तड़के 4.35 बजे उसकी मौत हो गई। उसने वैक्सीन की पहली डोज लगवा रखी थी।