हरियाणा के सोनीपत में नियम 134ए के तहत पहले चरण के पात्र विद्यार्थियों को दाखिला न मिलने के बावजूद दूसरे चरण की दाखिला प्रक्रिया शुरू करने से अभिभावकों में रोष बना हुआ है। इसी रोष स्वरूप छात्र-अभिभावक संघ के सदस्यों व अभिभावकों ने शुक्रवार देर रात निजी स्कूल संचालकों के घर के बाहर लिखा... शिक्षा को बेचना बंद करो। इसके साथ ही निजी स्कूल संचालक मुर्दाबाद, अभिभावकों का संघर्ष जिंदाबाद के नारे भी लिखे गए।
पहले चरण में 2542 विद्यार्थियों को स्कूल अलॉट किए गए थे। निजी स्कूलों की मनमानी के चलते 44 दिनों में महज 1099 विद्यार्थियों को ही दाखिला मिला है, जबकि 507 विद्यार्थियों का दाखिला निरस्त किया गया है। ऐसे मेें अभी भी 936 विद्यार्थी दाखिला होने का इंतजार कर रहे हैं।
शिक्षा विभाग द्वारा पहले चरण के दाखिले शेष रहने के बावजूद दूसरे चरण की दाखिला प्रक्रिया शनिवार से शुरू कर दी गई। इसके अंतर्गत दो फरवरी तक स्कूल चयन के लिए आवेदन किए जाएंगे। इससेे अभिभावकों में असमंजस बना हुआ है। दूसरे चरण की दाखिला प्रक्रिया के तहत जिन स्कूलों ने पहले चरण में विद्यार्थियों को दाखिले नहीं दिए, उनकी सीट पोर्टल पर दिखाई नहीं देगी। दूसरे चरण में सिर्फ उन स्कूलों की सीटें दिखाई देंगी, जिन स्कूलों ने नियम 134ए के तहत बच्चों को दाखिले दिए हैं। ऐसे में आवेदन करने वाले अभिभावकों के सामने बेहद कम विकल्प मौजूद रहेंगे, क्योंकि अधिकतर निजी स्कूलों ने पहले चरण में दाखिले नहीं दिए हैं।
आम आदमी पार्टी के जिलाध्यक्ष देवेंद्र गौतम ने पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि सरकार निजी स्कूलों के दबाव में नजर आ रही है। यही कारण है कि नियम 134ए के तहत पात्रता हासिल करने के बावजूद दाखिला नहीं मिल रहा है। मैं सरकार से मांग करता हूं कि स्कूलों को तुरंत प्रभाव से खोला जाए और सभी पात्र विद्यार्थियों को जल्द दाखिला दिलवाया जाए।
नियम 134ए के तहत दूसरे चरण की दाखिला प्रक्रिया शनिवार से शुरू कर दी गई है। 2 फरवरी तक आवेदन प्रक्रिया चलेगी। 7 फरवरी को ड्रॉ निकाला जाएगा, जिसके आधार पर दूसरे चरण के दाखिले किए जाएंगे। दूसरे चरण में उन स्कूलों की सीट दिखाई नहीं देगी, जिन स्कूलों ने पहले चरण में विद्यार्थियों के दाखिले नहीं दिए हैं। - मनोज वर्मा, प्रभारी, नियम 134ए, सोनीपत