सोनीपत के गोहाना उपमंडल नागरिक अस्पताल में एंटी रेबीज इंजेक्शन लगवाने के लिए पंजीकरण कराते मरीज
गोहाना। शहर में बेसहारा कुत्तों का आतंक बढ़ रहा है। इसकी वजह से लोग कुत्तों का शिकार हो रहे हैं। कुत्तों के काटे जाने के बाद 15 से 20 मरीज अस्पताल में एंटी रैबीज इंजेक्शन लगवाने के लिए पहुंच रहे हैं। शहरी स्थानीय निकाय विभाग मुख्यालय ने नगर परिषद के अधिकारियों से एक वर्ष में कुत्तों नसबंदी कराने का आंकड़ा मांगा है।
शहर में कुत्ते प्रतिदिन कई लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। गलियों में घूमने वाले कुत्ते छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्गों को भी अपना निशाना बना रहे हैं। लोगों का कहना है कि गलियों में कुत्तों के पास से निकलते ही उन पर हमला कर देते हैं। इसके कारण घरों से निकलना मुश्किल हो गया है। वहीं नगर परिषद अधिकारियों ने भी गली के कुत्तों की नसबंदी कराने की रिपोर्ट पशुपालन विभाग से भी मांगी है। नप अधिकारियों के अनुसार कुत्तों की नसबंदी कराने का काम पशुपालन विभाग को करना होता है।
अस्पताल में एंटी रैबीज के मुफ्त में लग रहे इंजेक्शन
नागरिक अस्पताल में कुत्ते का काटे जाने से मरीज आने पर एंटी रैबीज इंजेक्शन लगाया जाता है। अस्पताल में बीपीएल और आयुष्मान कार्ड धारक को वैक्सीन निशुल्क लगाई जाती है। जबकि अन्य को वैक्सीन लगवाने के लिए 100 रुपये शुल्क देना होता है। वहीं खानपुर कलां के बीपीएस महिला मेडिकल कॉलेज के अस्पताल में सभी वर्ग के मरीजों को एंटी रैबीज इंजेक्शन निशुल्क लगाया जाता है।
वर्जन
शहरी स्थानीय निकाय मुख्यालय ने शहर में कुत्ते के काटने जाने के मरीजों के आंकड़े और नसबंदी कराने से संबंधित रिपोर्ट मांगी है। जानकारी जुटाने के लिए संबंधित विभागों को पत्र लिख दिया है। रिपोर्ट जाने के बाद ही मुख्यालय की तरफ से गली के कुत्तों को लेकर कोई गाइडलाइन जारी की जाएगी।- निशा शर्मा, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद
वर्जन
नागरिक अस्पताल में मरीजों को एंटी रैबीज का इंजेक्शन लगाया जा रहा है। मरीजों को आपातकालीन वार्ड में इंजेक्शन लगाया जा रहा है। कुत्ते के काटने पर मरीज इंजेक्शन जरूर लगवाएं।-डाॅ. संजय छिक्कारा, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी, उपमंडल नागरिक अस्पताल