अनाज मंडी के गेट पर ताला लगाकर प्रदर्शन करते भाकियू नेता व किसान। संवाद
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किसानों ने भाकियू के बैनर तले पीआर धान की सरकारी खरीद में प्रति क्विंटल कटौती करने का आरोप लगा मंगलवार शाम को शहर के अनाज मंडी गेट पर ताला जड़ दिया। भाकियू नेताओं व किसानों ने आरोप लगाया कि मिलर उनकी धान में नमी बता 150 से 300 रुपये प्रति क्विंटल कटौती कर रहे हैं। इसको लेकर किसानों ने शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। बाद में हैफेड के डीएम के आश्वासन पर मंडी के गेट का ताला खोला। यही नहीं चेतावनी दी कि अगर बुधवार को सुबह 11 बजे तक किसानों के धान की सरकारी खरीद नहीं हुई तो वह पूरा शहर जाम कर देंगे।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे भाकियू के प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यवान नरवाल ने कहा कि किसान छह दिन से अपना पीआर धान लेकर अनाज मंडी में आए हुए हैं। इसके बावजूद अब तक उनके धान की खरीद नहीं हुई है। इसको लेकर सोमवार को भी किसानों ने रोष जताया था। उस समय एसडीएम के नेतृत्व में हैफेड अधिकारियों ने किसानों के पीआर धान को पास करते हुए मंगलवार को खरीदने की बात कही थी। इसके बावजूद मंगलवार को उनकी खरीद नहीं हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि धान खरीदने के लिए अनाज मंडी में जो मिलर आया है, वह धान में नमी बताकर 150 से 350 रुपये प्रति क्विंटल कटौती कर रहा है। इससे जहां किसानों को नुकसान हो रहा है, वहीं उनमें प्रशासन के खिलाफ रोष व्याप्त है। इसी को लेकर किसानों ने मंगलवार को शाम करीब साढ़े चार बजे अनाज मंडी के पहले गेट पर ताला जड़ दिया और शासन-प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। इसकी सूचना मिलने के बाद मार्केट कमेटी के सचिव जितेंद्र श्योराण, आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान वीरेंद्र सहरावत व शहर थाना प्रभारी सत्यवान अपनी टीम के साथ पहुंचे। यहां स्थानीय अधिकारियों ने किसानों की हैफेड के डीएम से मोबाइल पर बातचीत कराई। उन्होंने किसानों को बुधवार सुबह से पीआर धान की नियमित खरीद और मिलर पर कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस पर किसानों ने अनाज मंडी के गेट का ताला खोला। इस दौरान जिलाध्यक्ष अशोक लठवाल, ब्लॉक अध्यक्ष संदीप उर्फ भगत सिंह, नरेंद्र, अनूप मोर, जयकिशन, नवीन, सतवंत, संजय आदि मौजूद रहे।