जीवनी प्रतियोगिता के बच्चों को पुरस्कृत करते दादा बलजीत सिंह मलिक। संवाद
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गठवाला खाप ने शनिवार को घोषणा की है कि ‘बेटी ही दहेज है’ की अलख जगाते हुए दिखावा रहित और खर्च रहित दिन की शादियां की जाएंगी। यह भी एलान हुआ कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय फलक पर सफलता का परचम फहराने वाले मलिक युवाओं को दादा घासी राम स्मृति अवॉर्ड से सम्मानित किया जाएगा। यह घोषणा शनिवार को शहर में बरोदा रोड स्थित मलिक भवन में गठवाला खाप के संस्थापक दादा घासी राम की 153वीं जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में की गई। इस कार्यक्रम में मुख्यातिथि के रूप में गुरुग्राम से एससीईआरटी की डिप्टी डायरेक्टर किरण्मयी मलिक पहुंचीं। अध्यक्षता खाप के प्रधान के तौर पर दादा बलजीत सिंह मलिक ने की।
दादा बलजीत सिंह मलिक ने घोषणा की कि गठवाला खाप प्रतिभाओं को पलकों पर बैठाएगी। इसके लिए राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की उपलब्धियां अर्जित करने वाले मलिक युवाओं को खाप के दादा की स्मृति में दादा घासी राम अवॉर्ड से सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि गठवाला खाप नशा मुक्त युवा-नशा मुक्त समाज के स्वप्न को हकीकत में बदलने के लिए जागरूकता अभियान चलाएगी। इसके लिए प्रत्येक गांव में पांच से सात व्यक्तियों की कमेटी बनाई जाएगी।
दादा घासी राम की जयंती समारोह के अवसर पर सुबह हवन हुआ और उनकी आदमकद प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया। इसके अलावा एक प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें 365 स्कूली बच्चों ने दादा घासी राम की जीवनी पर आलेख लिखे। वहीं दो चिकित्सा शिविर भी लगे। नई दिल्ली के मैक्स अस्पताल के डॉ. प्रमोद कुमार की तरफ से 155 रोगियों का उपचार किया गया और निशुल्क दवाइयां भी उपलब्ध करवाई गईं। एक्यूप्रेशर विशेषज्ञ डॉ. संदीप मलिक की ओर से लगे शिविर में 105 लोग लाभान्वित होने पहुंचे। इसके बाद डॉ. संदीप मलिक, उमराव सिंह मलिक, बिजेंद्र मलिक, समरजीत मलिक, राजबीर मलिक, बलराज मलिक, जगदीश मलिक और अत्तर सिंह मलिक को शानदार उपलब्धियों के लिए दादा घासी राम स्मृति अवॉर्ड से सम्मानित किया गया। इस दौरान पूर्व मंत्री कुलबीर मलिक, बाबा राजेंद्र सिंह मलिक, कैप्टन जगबीर मलिक, जसबीर मलिक, सुलेख विशेषज्ञ ओमप्रकाश सिवाच आदि मौजूद रहे।