सोनीपत में पकड़ा गया शार्प शूटर।
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सोनीपत में सेक्टर-15 के आउटर के पास से एसटीएफ सोनीपत ने कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग के शार्प शूटर को गिरफ्तार किया है। एसटीएफ को उसके पास से दो पिस्तौल और आठ कारतूस मिले हैं। उसके पास एक कारतूस एके-47 का भी पाया गया। वह किसी वारदात को अंजाम देने आया था और अपने गैंग के अन्य साथियों का इंतजार कर रहा था। शार्प शूटर झज्जर का रहने वाला प्रवीण उर्फ पीके है। उस पर नीरज बवाना गैंग के बदमाश पर अस्पताल में घुसकर हमला करने के मामले में पांच हजार रुपये का इनाम घोषित है।
एसटीएफ सोनीपत को सूचना मिली थी कि कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग किसी वारदात को अंजाम देने वाला है। इसके चलते एसटीएफ ने अपनी निगरानी बढ़ा दी थी। रात में एसटीएफ को सूचना मिली कि सेक्टर-15 के आउटर के पास एक कार संदिग्ध हालत में खड़ी है। सूचना के आधार पर एसटीएफ ने उक्त कार को घेर लिया और युवक को दबोच लिया। एसटीएफ को उसके पास से दो विदेशी पिस्तौल और आठ कारतूस मिले। एसटीएफ को उसके पास से एके-47 का एक राउंड मिला है, लेकिन एके-47 नहीं मिली है। पुलिस पूछताछ में उसकी पहचान झज्जर जिले के गांव कुलासी के रहने वाले कुख्यात प्रवीण कुमार उर्फ पीके के रूप में हुई।
गोल्डी बराड़ के इशारे पर कर रहा था काम
प्रवीण कुमार लॉरेंस बिश्नोई गैंग का सक्रिय शार्प-शूटर है। लारेंस के जेल जाने के बाद से वह गोल्डी बराड़ के इशारे पर काम कर रहा था। उसने बहादुरगढ़ के जिला अस्पताल में अंदर घुसकर अपने साथियों सागर राणा व बंटी देशलपुर उर्फ प्रधान के साथ मिलकर पुलिस रिंमाड पर आए नीरज बवाना गैंग के नवीन उर्फ बाली को जान से मारने की साजिश रची थी। इस मामले में पीके पर बहादुरगढ़ पुलिस का पांच हजार रुपये का इनाम घोषित है।
शातिर प्रवीन उर्फ पीके विदेश मे बैठे गोल्डी बराड़ के इशारे पर गैंग के सदस्यों को हथियार बताए गए ठिकानों पर मुहैया करवाता था। वह गैंग के शार्प-शूटर को हथियार और ठहरने का स्थान उपलब्ध कराने के साथ ही भागने में भी मदद करता था। उस पर पहले भी एनडीपीएस सहित कई आपराधिक अभियोग दर्ज हैं। एसटीएफ की तीन टीम अभी उसके साथियों की तलाश में छापामारी कर रही है।
प्रवीण कुमार उर्फ पीके लॉरेंस बिश्नोई और गोल्डी बराड़ का शार्प शूटर है। उसको अवैध हथियारों सहित गिरफ्तार किया गया है। उसको न्यायालय में पेश करके पूछताछ की जाएगी।उससे पूछताछ के बाद अन्य जानकारी मिल सकेगी। उसके साथियों की तलाश में दबिश दी जा रही हैं। - संदीप सिंह, डीएसपी एसटीएफ सोनीपत