हरियाणा के सोनीपत शहर के एक हॉस्टल में एक मूक-बधिर बालिका के यौन उत्पीड़न मामले में पुलिस ने उसके बयान दर्ज कराए हैं। पुलिस की जांच में सामने आया है कि उसका यौन उत्पीड़न 30 मई की रात को हुआ था। पुलिस को मामले में कई सबूत मिले हैं। बालिका के परिजनों के बयान भी दर्ज किए गए हैं।
प्रदेश के एक गांव की 12 वर्षीय मूक-बधिर एक लड़की सोनीपत के स्पेशल स्कूल में छात्रा है। बच्ची के पिता ने 24 मई को उसको स्कूल में छोड़ा था। ग्रीष्मकालीन अवकाश होने पर वह बालिका को 31 मई को गांव ले गए थे। परिजनों के अनुसार बालिका की हालत बिगड़ी हुई थी। चिकित्सक को दिखाया तो उनके परामर्श पर उसे 4 जून को पीजीआई में भर्ती कराया था।
वहां पर चिकित्सकों की टीम ने बच्ची का यौन उत्पीड़न किए जाने की पुष्टि की थी। इसकी जानकारी पुलिस को दी गई थी। पुलिस ने पिता के बयान पर तीन के खिलाफ यौन उत्पीड़न का मुकदमा दर्ज किया था। मामले की जांच एसआईटी कर रही है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि 30 मई को स्कूल में छुट्टी हो गई थी। जिसके चलते ज्यादातर अभिभावक अपने बच्चों को ले गए थे। पीड़ित बालिका का पिता उस दिन नहीं आ सका था। उसी रात को उसके साथ यौन शोषण का अंदेशा है।
एसआईटी की जांच में सामने आया है कि 31 मई को पीड़िता को उसके पिता बाइक से घर ले गए थे। 1 जून को ही बच्ची की तबियत खराब थी। बाद में परिजनों ने उसे एक नर्स को दिखाया था। उसके अगले दिन चिकित्सक को दिखाया। 4 जून को पीजीआई में भर्ती कराया गया। पुलिस कहना है कि परिजनों के बयान दर्ज कर लिए गए हैं। बच्ची के न्यायालय में बयान दर्ज करा दिए हैं। उसकी काउंसलिंग अभी जारी है। पुलिस मामले में जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर लेगी।