हरियाणा के सोनीपत में चीनी मिल प्रशासन ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर नौकरी पाने वाले केन क्लर्क (गन्ना लिपिक) को बर्खास्त कर दिया है। केन क्लर्क वर्ष 2016 में गोहाना चीनी मिल से तबादला होकर सोनीपत चीनी मिल में आया था। मिल प्रशासन ने उसका अन्य विभाग में स्थानांतरण कर दिया था। बताया जा रहा है कि कर्मी सुनील ने वहां पदभार नहीं संभाला, जिसके बाद मिल प्रशासन ने कर्मी के बारे में पड़ताल की। जांच प्रक्रिया के बाद ही फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ है, जिसके बाद उसे नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया है।
चीनी मिल में केन क्लर्क के पद पर कार्यरत कर्मचारी के दस्तावेजों की जांच करवाई गई थी, जिसमें खुलासा हुआ है कि उसने फर्जी अनुभव प्रमाणपत्र के आधार पर नौकरी प्राप्त की थी। जांच रिपोर्ट आने के बाद आरोपी केन क्लर्क को बर्खास्त कर दिया गया है। साथ ही इसकी शिकायत पुलिस अधीक्षक कार्यालय में भी दी गई है। आरोपी कर्मचारी से वर्ष 2016 के बाद से अब तक के वेतन-भत्तों की रिकवरी की जाएगी। इससे पहले के वेतन व भत्तों की रिकवरी के लिए गोहाना चीनी मिल को लिखा जाएगा। - जितेंद्र जोशी, प्रबंध निदेशक, चीनी मिल, सोनीपत