सोनीपत। बुटाना चौकी के सिपाही रविंद्र व एसपीओ कप्तान की जांबाजी के बारे में घटनास्थल को देखकर ही अंदाजा लगाया जा रहा था। लेकिन जिस तरह की बात हत्यारोपियों के साथ मौजूद दोनों युवतियों ने बताई है, उससे यह साफ हो गया है कि हथियार लिए हुए हत्यारोपियों पर सिपाही रविंद्र व एसपीओ कप्तान भारी पड़ गए थे। जब वहां झगड़ा शुरू हो गया तो चारों आरोपियों के साथ सिपाही व एसपीओ ने काफी देर तक संघर्ष किया और वह दोनों ही उन चार पर भारी पड़ने लगे। यह देखकर युवतियों को उनका साथ देना पड़ा और युवतियां भी सिपाही व एसपीओ के साथ हाथापाई करने लगीं। उन दोनों युवतियों ने पुलिस कर्मियों को काबू करने में पूरा साथ दिया तो अमित ने चाकू से ताबड़तोड़ वार कर दिए। उसके बाद युवतियों को गांव में छोड़कर वह युवक चले गए और युवतियां घर जाकर आराम से सोईं।
एसपी जश्नदीप रंधावा के अनुसार सिपाही रविंद्र व एसपीओ कप्तान ने ड्यूटी के दौरान पूरी हिम्मत दिखाई तो आरोपियों के साथ झगड़ा होने पर संघर्ष भी किया। इसके बावजूद सिपाही व एसपीओ केवल एक डंडे के सहारे ही हथियार लिए हुए आरोपियों से भिड़ते रहे। हत्यारोपियों में चार युवक व दो युवतियां थे तो पुलिस कर्मी केवल दो थे, लेकिन उसके बाद भी दोनों ने हिम्मत नहीं हारी। दोनों ने खूब देर तक संघर्ष किया और वह झगड़ा कर रहे चार हत्यारोपियों पर भारी पड़ने लगे। एसपी के अनुसार यह देखकर ही दोनों युवतियां भी झगड़े में शामिल हो गईं और वह दोनों भी अपने चारों दोस्तों का साथ देते हुए सिपाही व एसपीओ से हाथापाई करने लगीं। उन सभी ने सिपाही व एसपीओ को काबू किया और अमित ने उनपर चाकू से लगातार वार किए। उसके बाद युवकों ने दोनों युवतियों को गांव में छोड़ा तो वह घर जाकर आराम से सो गईं। उनके अंदर पुलिस कर्मियों को चाकू से गोदने को लेकर किसी तरह की दहशत नहीं थी। पुलिस के अनुसार अगले दिन बुटाना के पास जितनी भी गतिविधि चलती रहीं, उसकी चर्चा बुटाना गांव नजदीक होने के कारण हर किसी में होती रही और युवतियों को घटनास्थल की सभी गतिविधियों का पता चलता रहा। युवतियां उस समय तक भी पूरी तरह से निश्चिंत थीं, लेकिन जब उनको अमित के मरने का पता चला तो उनको अपना भी डर सताने लगा। युवतियों को उस समय लगने लगा था कि पुलिस को सभी के बारे में पता चल गया है और उस पूरी रात उनको नींद नहीं आई। युवतियां होने के कारण घर से भाग भी नहीं सकती थीं तो उनको पता था कि वह किसी भी जगह चली जाएं, उनको पुलिस पकड़ लेगी। इस कारण ही दोनों युवतियां घर में रहीं, जिनको जांच में पूरी स्थिति साफ होने पर पुलिस ने गिरफ्तार किया।