सोनीपत। किसान आंदोलन के चलते बंद किए गए कुंडली बॉर्डर ने यात्रियों की परेशानियां बढ़ा दी है। मंगलवार दोपहर बाद दिल्ली जाने वाले यात्री बसों के लिए भटकते रहे। यात्रियों को बसों के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा। कुंडली बॉर्डर बंद होने से दिल्ली जाने वाली बसों को वाया नरेला रवाना किया जा रहा है। इस मार्ग पर जाम के कारण 50 फीसदी कम बसें ही दिल्ली भेजी गईं। यही नहीं पंजाब रूट बंद होने के बाद चंडीगढ़ भेजी जा रही बसें भी भारी जाम के कारण करनाल से वापस लौट रही हैं, जिससे यात्रियों की परेशानी बढ़ने के साथ ही रोडवेज के राजस्व को भी नुकसान हो रहा है। अंबाला में शंभू बॉर्डर पर मंगलवार को किसानों व पुलिस के आमने-सामने होने के बाद स्थिति बिगड़ गई। दिल्ली पुलिस ने दोपहर बाद कुंडली बॉर्डर दिल्ली में जाने वाले मार्ग को पूरी तरह बंद कर दिया। सोनीपत बस अड्डे से जो बसें जा रही थी, उन्हें भी कुंडली बॉर्डर से वापस भेज दिया गया है, जिसके बाद रोडवेज अधिकारियों ने दिल्ली जाने वाली बसों को डायवर्ट किए गए रूट राठधना व नरेला से दिल्ली के लिए रवाना किया, लेकिन यहां भी हालात सामान्य नहीं रहे। वाहनों की तादाद बढ़ने से इस मार्ग पर जाम की समस्या बनी रही। सोनीपत से दिल्ली तक 45 मिनट का रास्ता तय करने में वाहन चालकों को तीन से चार घंटे तक लग रहे हैं।
दिल्ली रूट पर गई करीब आठ बसें
सामान्य दिनों में सोनीपत से रोडवेज बसें दिल्ली के करीब 25 फेरे लगाती हैं, लेकिन मंगलवार को वाया नरेला शाम तक करीब आठ बसें ही भेजी गई थी। रोडवेज अधिकारियों का कहना है कि पहले भेजी गई बसें जाम में फंसी हुई हैं, जिस कारण अधिक बसें नहीं भेज रहे। वहीं सोनीपत बस अड्डे पर दिल्ली जाने के लिए पहुंचे यात्रियों को डेढ़ से दो घंटे तक बसों का इंतजार करना पड़ा।
प्रशासनिक ड्यूटी में भेजी 30 बसें
किसान आंदोलन के चलते रोडवेज डिपो से करीब 30 बसें प्रशासनिक ड्यूटी पर भेजी हैं। इनमें 18 बसें पहले ही भेजी थी, जबकि मंगलवार को खंड सोनीपत, खरखौदा, गन्नौर व गोहाना में तीन-तीन बसें रिजर्व रखी गई हैं, ताकि आपातकालीन स्थिति में इनका तत्काल इस्तेमाल किया जा सके। बसों की कमी के चलते लोकल रूट पर भी परिवहन सेवाएं बाधित रही।
गोहाना बस अड्डे से प्रशासनिक ड्यूटी में भेजी तीन बसें
गोहाना। किसान आंदोलन के चलते प्रशासन ने गोहाना सब-डिपो से तीन बसें खरखौदा भेजी हैं, जबकि तीन रोडवेज बसों को प्रशासनिक ड्यूटी के लिए रिजर्व रखा है। इन बसों का संचालन लोकल रूटों पर होता था। छह बसें प्रशासनिक ड्यूटी पर लगाए जाने से लोकल रूटों पर परिवहन सेवाएं प्रभावित रही।
कुंडली बॉर्डर बंद होने से दिल्ली जाने वाली बसों को वाया नरेला भेजा जा रहा है। जाम के कारण सामान्य दिनों की अपेक्षा कम बसें भेजी गई हैं। पंजाब रूट से जिन बसों को हटाया गया था, उन्हें चंडीगढ़ रूट पर भेजा जा रहा है। लोकल रूटों पर स्थिति ठीक है। सभी रूट पर बेहतर परिवहन सुविधा देने का प्रयास किया जा रहा है।
सुरेंद्र दुग्गल, एसएस, रोडवेज डिपो, सोनीपत