सोनीपत सामूहिक दुष्कर्म (प्रतीकात्मक तस्वीर)
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हरियाणा के सोनीपत जिले के एक गांव में दो नाबालिग बहनों से सामूहिक दुष्कर्म के बाद कीटनाशक पिलाकर उनकी हत्या कर दी गई। वारदात 5 अगस्त को किशोरियों की मां के सामने हुई। आरोपियों ने मां और उसके बेटों को जान से मारने की धमकी देकर चुप करा दिया और पुलिस को सर्पदंश से मौत होने का बयान देने को कहा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामूहिक दुष्कर्म व कीटनाशक के प्रभाव में मौत की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने चारों युवकों के खिलाफ सामूहिक दुष्कर्म, जहरीला पदार्थ पिलाकर हत्या करने का केस दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।
मूलरूप से बिहार निवासी महिला कुंडली थाना क्षेत्र के गांव में अपनी दो बेटियों और दो बेटों के साथ किराये के मकान में रहती है। मकान के दूसरे कमरे में मूलरूप से बिहार के जिला दरभंगा के गांव महागही निवासी अरुण, गांव मुसहेरी निवासी फूलचंद, धयोकली निवासी दुखन और समस्तीपुर निवासी रामसुहाग नामक युवक रहते थे।
महिला के अनुसार 5 अगस्त की रात को करीब 2 बजे लघुशंका के लिए कमरे से बाहर निकली तो चारों युवक कमरे में घुस गए और उसकी 14 व 16 साल की दोनों बेटियों को दबोच लिया। महिला वापस आई तो आरोपियों ने उसका मुंह दबाकर एक तरफ बैठा दिया। युवकों ने दोनों लड़कियों से सामूहिक दुष्कर्म किया और विरोध करने पर कीटनाशक पिला दिया। हालत बिगड़ने पर दोनों लड़कियों को दिल्ली के नरेला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी मौत हो गई।
चार घंटे तक तड़पती रहीं बेटियां, नहीं जाने दिया अस्पताल
मामले की सूचना के बाद पुलिस गांव में पहुंची तो महिला ने सर्पदंश से बेटियों की मौत होने की बात कही थी। शवों के पोस्टमार्टम की रिपोर्ट से पता चला कि नाबालिगों के साथ सामूहिक दुष्कर्म के बाद कीटनाशक पिलाया गया था। पुलिस ने पूछताछ की तो महिला ने सच्चाई बता दी।
महिला ने बताया कि कीटनाशक पिलाने के बाद चार घंटे तक बच्चियां तड़पती रहीं लेकिन युवकों ने उनको अस्पताल नहीं ले जाने दिया। सुबह जब आसपास के लोग आए फिर वह बेटियों को अस्पताल ले गईं। इसके बाद पुलिस ने चारों युवकों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
कुंडली थाना क्षेत्र के गांव में दो नाबालिग बहनों से सामूहिक दुष्कर्म व हत्या का मामला सामने आया है। मामले को किशोरियों की मां ने युवकों के डर से मामले को दबाने का प्रयास किया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद पुलिस को शक हुआ और गहनता से जांच कर मामले से पर्दा उठाया गया। पुलिस मामले को चिह्नित अपराध की श्रेणी में रखकर जांच को आगे बढ़ाएगी, जिससे अपराधियों को जल्द सजा दिलाई जा सके। - जश्नदीप सिंह रंधावा, एसपी सोनीपत।