सोनीपत। खेल विभाग ने बिना पंजीकरण कराए और सभी नियमों की पालन नहीं करने वाले 24 तरणताल (स्वीमिंग पूल) संचालकों को नोटिस जारी किए हैं। साथ ही उनको एक सप्ताह में पंजीकरण कराने और सभी नियमों का पालन करने का निर्देश दिया गया है। इसके बाद विभाग की ओर से पंजीकरण न कराने वाले तरणतालों को सील कर दिया जाएगा। जिले में करीब 28 तरणताल हैं। इनमें से सिर्फ चार ने ही विभाग में पंजीकरण करा रखा है।
जिला खेल विभाग की तरफ से करीब पखवाड़ा भर पहले सभी तरणताल संचालकों को निर्देश दिए गए थे कि इसे चलाने के लिए खेल विभाग में पंजीकरण करना होगा। पंजीकरण नहीं करवाने वाले तरणताल को बंद कर दिया जाएगा। साथ ही उन संचालकों को हिदायत दी गई थी, जिन्होंने पंजीकरण तो करवा रखें हैं, लेकिन सालाना नवीनीकरण नहीं करवाया। जिले में कुल 28 तरणताल हैं, इनमें से सिर्फ चार संचालकों ने ही पंजीकरण करवा रखे हैं। जिला खेल अधिकारी शर्मिला राठी ने बताया कि खेल विभाग में पंजीकरण कराने लिए संचालकों को एक बार में एक लाख रुपये शुल्क के रूप में जमा कराने होते हैं, जबकि नवीनीकरण कराने के लिए 20 हजार रुपये फीस रखी गई है। पंजीकरण नहीं कराने वालों को एक सप्ताह का समय दिया गया है। इसके बाद विभाग सीलिंग की कार्रवाई करेगा।
नियमों की नहीं हो रही पालना
तैराकी कोच विनोद कुमार ने बताया कि जिले के कई तरणताल संचालक नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं। इनमें से कई के पास प्रशिक्षित प्रशिक्षक तो कई के पास लाइफ गार्ड तक नहीं हैं। कई संचालकों ने तरणतालों को आगे ठेकेदारों को सौंप रखा है। इससे लोगों की जान को खतरा है।
सरकारी संस्थानों ने भी नहीं कराया पंजीकरण
खेल विभाग में पंजीकरण नहीं कराने वालों में सरकारी संस्थान भी शामिल हैं। बहालगढ़ स्थित साई और मोतीलाल नेहरू खेल स्कूल में तरणताल हैं, इन्होंने भी पंजीकरण नहीं करा रखे। साई में तो तरणताल अभी चालू हालत में नहीं है, वहीं एमएनएसएस के तरणताल में हाल ही में बच्चों ने अभ्यास शुरू किया है।
खेल विभाग ने तैराकी कोच को वापस बुलाया
खेल विभाग के सरकारी कोच की तैनाती मोतीलाल नेहरू खेल स्कूल में लगी थी, पिछले दिनों स्कूल प्रबंधन ने अपने कोच रख लिए। अब वहां पर तीन कोच हो गए थे, इसलिए विभाग ने सरकारी कोच विनोद कुमार को वापस बुला लिया है। विनोद कुमार अगले सप्ताह तक जिले में तैराकों को प्रशिक्षण देना शुरू कर देंगे।