सिरसा। नोहरिया बाजार स्थित प्राचीन श्री शनि धाम में बाबो सा भगवान का आशीर्वाद एवं आरती उत्सव का आयोजन किया गया। इस उत्सव में बाबो सा भगवान की परम बाबो सा महाराज की आराधिका मंजू बाई सा विशेष रूप से पधारी। मंदिर में स्थापित भगवान बाबो सा महाराज के अद्भुत स्वरूप के समक्ष बाई सा ने ज्योत प्रज्वलित कर बाबो सा भगवान की आरती की और श्रद्धालुओं को आशीर्वाद दिया।
इस अवसर पर मंजू बाई सा ने बाबो सा भगवान की सवा तीन फुट की सात प्रतिमाएं अपने कर कमलों से भक्तों को उपहार स्वरूप भेंट की। इस अवसर पर बाबो सा के भक्तों ने मधुरवाणी में भजनों के माध्यम से बाबो सा महाराज की महिमा का गुणगान किया।
श्रद्धालुओं ने बाई सा के श्रीचरणों में नतमस्तक होकर आशीर्वाद लिया। इस अवसर पर भजन मंडली की ओर से बाबो सा भगवान के विभिन्न भजन गाए, जिन पर श्रद्धालु मंत्रमुग्ध होकर झूमते रहे।
कलाकारों ने तेरे बिन बाबो सा हमारा नहीं कोई रे, मैं तेरे लिए क्या लिखूं, मेरी बिगड़ी बनाने वाला मेरे बाबो सा प्रभू है, तेरे वास्ते रे बाबो सा नैन मेरे जागे रे जागे बाबो सा, तू रिश्ता बना लें, तू अपना बना ले, जब बिन बोले मिलता, हम बोल के क्या मांगें इत्यादि भजनों की ओर से अपने भावों की प्रस्तुति दी। इस दौरान चंद्रमोहन भृगुवंशी, आनंद भार्गव, गौरव जैन, मनोज जैन, योगेश भार्गव, दीपक भार्गव, राजन, गौरव भार्गव व अन्य मौजूद रहे।
बाई सा ने 155 मंदिर किए स्थापित
मंजू बाई सा ने जीर्णोद्धार के बाद बने सिरसा के प्राचीन शनि धाम के अद्भुत परिसर की सराहना की। बाबो सा महाराज के अद्भुत दरबार से ज़ुड़ने का आह्वान किया। बाबो सा दरबार से जुड़े पदाधिकारियों ने बताया कि प्राचीन श्री शनि धाम वर्णनीय है कि मंजू बाई सा अब तक देशभर में बाबो सा महाराज के 155 मंदिर स्थापित कर चुकी हैं और 11,000 से अधिक प्रतिमाएं स्थापित कर चुकी हैं। कार्यक्रम के समापन पर मंजू बाई सा ने बाबो सा महाराज की सात अभिमंत्रित प्रतिमाएं श्रद्धालुओं को अपने कर कमलों से प्रदान की और पावन आशीर्वाद दिया। कार्यक्रम में आए श्रद्धालुओं को बाबो सा महाराज के स्वरूप, कथा एवं आरती और प्रसाद भेंट किया गया।