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Sirsa News: मानसून का इंतजार खत्म...बारिश ने गर्मी को धो डाला, 88 एमएम बारिश ने खोली सरकारी दावों की पोल

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हिसार रोड पुल के पास भरे बारिश के पानी से गुजरते वाहन चालक। 
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सिरसा। मानसून की पहली बारिश में ही सिरसा शहर की सड़कें जलमग्न हो गईं। वीरवार को 86 एमएम बारिश ने जहां लोगों को उमसभरी गर्मी से राहत दिलाई। वहीं, प्रशासन की तैयारियों की पोल खोल दी। जिला मुख्यालय की सड़कों पर जलभराव से जाम की स्थिति पैदा हो गई।
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सड़कें तालाब नजर आने लगीं, जिससे आवागमन मुश्किल हो गया। कई निचले इलाकों में जलभराव के कारण लोग अपने घरों से बाहर नहीं निकल सके। मौसम विभाग के अनुसार, सिरसा में डेढ़ घंटे में 86 एमएम बारिश दर्ज की गई। विभाग ने बताया कि शनिवार तक तेज बारिश के आसार हैं। बारिश से किसानों के चेहरे खिल उठे हैं।

किसानों का कहना है कि यह बारिश नरमे और धान की फसल के लिए बेहद लाभकारी है। इससे पहले वीरवार सुबह से ही बादल छाए हुए थे। दोपहर करीब 12 बजे घनी काली घटाएं छाईं और कुछ देर बाद तेज बारिश शुरू हो गई। स्थानीय निवासियों के अनुसार, नालों की सफाई समय पर नहीं कराई गई, जिससे पानी की निकासी नहीं हो सकी और पूरा इलाका पानी में डूब गया। जलभराव होने से कई जगहों पर वाहन बंद हो गए, जिसे लोग धक्का लगाकर ले जाते दिखे।
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यहां हुआ जलभराव : बारिश के कारण शहर के परशुराम चौक, आंबेडकर चौक, जनता भवन रोड, रानियां रोड, गोल डिग्गी चौक, गोशाला रोड, डबवाली रोड, शिव चौक, सूरतगढ़िया बाजार, नोहरिया बाजार, बरनाला रोड, विश्वकर्मा चौक, हिसार रोड सहित सभी मोहल्लों में पानी भर गया। इसके अलावा घरों व दुकानों में पानी घुसने से लोग परेशान नजर आए।

गांवों की गलियों में भी भरा पानी शहर के अलावा गांव चौटाला ओढां, रानियां, चौपटा, कालांवाली, ओटू, चौपटा, जमाल, गोरीवाला, खुईयां मलकाना, चौटाला, बप्पा, अलीकां व पंजुआना में भी तेज बारिश हुई। हालांकि बारिश के कारण कहीं कोई हादसा होने की सूचना नहीं मिली।

बरसाती डिस्पोजल अब तक नहीं हो सका शुरू

सिरसा। डबवाली रोड पर बारिश के पानी की निकासी के लिए बनाए बरसाती डिस्पोजल को अब तक चालू नहीं किया जा सका है, जिससे इलाके के लोगों को जलभराव का सामना करना पड़ रहा है। हालांकि बी ब्लॉक और कुछ अन्य क्षेत्रों में पंपिंग सिस्टम की मदद से पानी निकालने का प्रयास किया जा रहा है। जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा मुख्य लाइन में डिस्पोजल के जरिए पानी डाला गया, लेकिन वह भी नाकाफी साबित हो रहा है।

हैरानी की बात यह है कि हर बार मानसून के दौरान यही स्थिति उत्पन्न होती है। बरसाती डिस्पोजल की व्यवस्था वर्षों से अधूरी है और नगर परिषद आज तक इसका बिजली कनेक्शन तक नहीं करवा पाया है। नतीजतन, हर बार बारिश में आमजन को परेशानी का सामना करना पड़ता है।चतरगढ़पट्टी से लेकर हवाई अड्डे तक बारिश के पानी की निकासी की कोई समुचित व्यवस्था नहीं है। संवाद
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हिसार रोड पुल के पास भरे बारिश के पानी से गुजरते वाहन चालक। 

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