कालांवाली। ओढां रोड पर स्थित शहीद भगत सिंह आईटीओटी में मंगलवार को नशा मुक्त भारत अभियान की पांचवीं वर्षगांठ के अवसर पर एक विशेष जागरूकता एवं शपथ ग्रहण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं में नशा विरोधी संदेश को सशक्त रूप से प्रसारित करना और स्वस्थ, सुरक्षित एवं नशा मुक्त समाज के निर्माण की दिशा में सामूहिक प्रतिबद्धता को मजबूत करना रहा।
इस कार्यक्रम को सफल बनाने में नशामुक्ति केंद्र कालांवाली की विशेषज्ञ टीम परियोजना समन्वयक शमशेर सिंह, काउंसलर वीरपाल कौर, टीम सदस्य सेवा सिंह शामिल थे। टीम ने नशे के दुष्प्रभाव, मानसिक और शारीरिक क्षति, तथा नशा-मुक्त जीवन के लाभों पर जानकारी देते हुए उपस्थित जनों को नशा त्यागने, दूसरों को प्रेरित करने और समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने की शपथ दिलाई।
कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्थान के निदेशक अशोक सिंगला ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि नशा आज समाज के सामने एक गंभीर चुनौती है, जो युवाओं की ऊर्जा, प्रतिभा और भविष्य को नष्ट कर रहा है। उन्होंने कहा कि नशा छोड़ना ही नहीं, नशा रोकने के लिए जागरूकता फैलाना भी हर जिम्मेदार नागरिक का कर्तव्य है।
प्राचार्य रविंद्र कुमार ने कहा कि नशा किसी व्यक्ति का नहीं, बल्कि पूरे परिवार, समाज और राष्ट्र का दुश्मन है। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि आज का संकल्प ही कल का स्वस्थ भारत बनाएगा। इस कार्यक्रम में विशेष रूप से अभियान में भाग लेने वाले विद्यार्थियों और स्टाफ को स्कैनर के माध्यम से डिजिटल प्रमाणपत्र उपलब्ध करवाए गए। इस दौरान राकेश शेरडिया, चंद्रशेखर, सुनील बेनीवाल, नरसी, मनोज, जसबीर, मनीष, संगीता, नेहा, आरती शर्मा आदि मौजूद रहे।