कोरोना के बढ़ते केसों को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने आगामी आदेशों तक प्रतिदिन रात 9 से सुबह 5 बजे तक नाइट कर्फ्यू लागू किया है। नाइट कर्फ्यू के दौरान शहर में सिविल लाइन और सिटी शहर थाना पुलिस ने आठ नाके लगाए है। हालांकि सोमवार रात को पुलिस ने रात नौ बजे के बाद बाजार में दुकानदारों और रेहड़ी वालों को चेतावनी देकर छोड़ दिया।
मंगलवार को उपायुक्त प्रदीप कुमार ने बताया कि नाइट कर्फ्यू के दौरान के कानून और व्यवस्था, आपात स्थिति, नगरपालिका सेवाओं, ड्यूटी में कार्यरत कार्यकारी, मजिस्ट्रेट, पुलिस कर्मियों, वर्दी में सेना, सीआरपीएफ बल के जवान, स्वास्थ्य, बिजली, अग्निशमन विभाग, मान्यता प्राप्त पत्रकार और कोविड-19 से संबंधित कार्यों के लिए लगाई गई सरकारी मशीनरी से जुड़े लोग शामिल हैं। इन सभी को पहचान पत्र रखना होगा। उन्होंने बताया कि अनाधिकृत अधिकारी द्वारा दिए गए स्पेशल कर्फ्यू पास वाले लोगों को भी आवागमन में छूट रहेगी।
अंतर राज्य और राज्य में वाहनों की रहेगी आवाजाही
उपायुक्त ने बताया कि आवश्यक और गैर आवश्यक वस्तुओं के अंतर-राज्य और राज्य में एक स्थान से दूसरे स्थान पर आवागमन पर प्रतिबंध नहीं रहेगा, लेकिन इस दौरान सभी वाहन चालकों को अपना मूल व गंतव्य स्थान बताने और सत्यापन करवाने के बाद ही अनुमति दी जाएगी। नाइट कर्फ्यू के दौरान अस्पताल, दवाई की दुकानें और एटीएम खुला रहने की अनुमति रहेगी। गर्भवती महिलाओं और रोगियों को चिकित्सा, स्वास्थ्य सेवाएं प्राप्त करने के लिए भी आने-जाने की अनुमति होगी। आईएसबीटी, रेलवे स्टेशन तथा एयरपोर्ट जाने या वहां से लौटने वाले यात्रियों को भी आवागमन की अनुमित होगी।
नियमों की हुई उल्लंघना तो होगी कार्रवाई
नाइट कर्फ्यू के दौरान पुलिस व सभी एसडीएम सहित संबंधित अधिकारियों को उपायुक्त ने आदेशों की दृढ़ता से अनुपालना करवाना सुनिश्चित करने बारे दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। उपायुक्त ने निर्देश दिए हैं कि कोई भी यदि आदेशों की उल्लंघन करता पाया जाता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।