सिरसा। नागरिक अस्पताल में व्यवस्था जांचने के लिए शुक्रवार को कायाकल्प की टीम निरीक्षण के लिए पहुंची । यहां पर टीम ने अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड, आईसीयू, लैब, लेबर रूम, ओपीडी सहित अन्य वार्डों की जांच की। इस दौरान इमरजेंसी वार्ड में इन्फेक्शन की रोकथाम को लेकर लापरवाही मिली। वहीं दूसरी ओर इमरजेंसी ट्रॉली में एक्सपायरी दवाइयां टीम को मिली। जिसको लेकर टीम के सदस्यों ने व्यवस्था में सुधार करने के सख्त आदेश दिए। वहीं उन्होंने स्टाफ नर्स को मरीजों से सौहार्दपूर्ण व्यवहार करने संबंधी जानकारी देने को लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए।
शुक्रवार दोपहर 12 बजे राज्यस्तरीय तीन सदस्य टीम नागरिक अस्पताल में निरीक्षण करने के लिए पहुंची। निरीक्षण शुरू करते ही टीम को बरामदे में रखी सफाई की किट दिखाई दी। जिसमें पानी भरा हुआ था। ऐसे में उन्होंने स्टाफ नर्स इंचार्ज को मौके पर बुलाया और उससे इस संबंध में जानकारी मांगी। स्टाफ नर्स कोई भी संतोषजनक जवाब नहीं दे पाई। जिसके बाद टीम ने अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में बने ट्रायज रूम सहित अन्य की व्यवस्था जांची। यहां भी कूड़ेदान भरे हुए मिले। टीम सदस्यों ने कहा कि यहां पर इंफेक्शन की रोकथाम करने के लिए कोई भी व्यवस्था नहीं है और कोई भी नियम नहीं अपनाया जा रहा है। ऐसे में एक टीम सदस्य ने इमरजेंसी में रखी ट्राली के बॉक्स की जांच की तो यहां पर अप्रैल व जुलाई के स्टीकर लगे हुए दिखाई दिए। उसके बीच में रखे इंजेक्शनों की जांच की तो वह भी एक्सपायर पाए। इस तरह की लापरवाही न करें, यदि भूलवश इस दवा का प्रयोग हो जाता है। तो मरीज की जान भी जा सकती है। इसलिए एक्सपायरी दवाओं को तुरंत निपटान करें।
टीम ने दवाइयां जांची
इसके बाद अधिकारियों ने भवन की स्थिति देखी और वहां पर काउंटरों में लगाई गई दवाइयों की जांच की। टीम सदस्यों ने स्टाफ से कई सवाल-जवाब भी किए और हाथ साफ करने की प्रक्रिया को भी जाना। लेकिन यहां पर कोई भी स्टाफ का सदस्य सही तरह से जवाब नहीं दे पाया। इसके पश्चात टीम ने इमरजेंसी भवन में बने आईसीयू वार्ड, मशीनों की स्थिति, भवन की स्थिति, लैब, लेबर रूम की जांच की। यहां पर साफ सफाई को लेकर कई तरह की खामियां भी पाई गई।
टीम सदस्य बोले: स्टाफ को नहीं किसी भी तरह की जानकारी, इनकी कक्षाएं लगाए
टीम सदस्यों ने ड्यूटी पर तैनात स्टाफ से बातचीत करते हुए कहा कि आपको कायाकल्प के बारे में जानकारी है। जिसके बाद कोई भी स्टाफ सदस्य इसकी सही तरह से जानकारी नहीं दे पाया। ऐसे में उन्होंने इंचार्ज को मौके पर बुलाया और कहा कि आपको टीम के निरीक्षण करने संबंधित कोई जानकारी थी। तो जवाब न आने के बाद टीम ने अधिकारियों को कहा कि आप अगर स्टाफ को ही कोई जानकारी नहीं दोगे तो वह किस तरह से काम कर पाएंगे। अगर आप उन्हें इस तरह की जानकारी दें और नियम बताएं तो वह खुद ही पूरा काम कर लेंगी।
मुख्यालय में भेजे जाएंगे अंक, 70 फीसदी आए तो मिलेगा ग्रेड
कायाकल्य योजना के तहत नागरिक अस्पताल को भी इसमें शामिल किया गया है। जिसकी राज्यस्तरीय टीम ने इसका निरीक्षण किया है। ऐसे में अब टीम की ओर से निरीक्षण किए जाने के बाद खामियाें और व्यवस्था के अनुसार ही अस्पताल को अंक दिए जाएंगे। जिसकी टीम की ओर से मुख्यालय में रिपोर्ट भेजी जाएगी। अगर टीम की ओर से 100 में से 70 अंक अस्पताल को दिए जाते हैं तो अस्पताल मुख्यालय की ओर से अस्पताल को बजट जारी किया जाएगा। जिससे सुविधा बेहतर की जा सकेंगी।
राज्यस्तरीय टीम ने नागरिक अस्पताल का निरीक्षण किया है। निरीक्षण के बाद अस्पताल को टीम की तरफ से अंक दिए जाने है। अगर 70 से अधिक अंक दिए जाते हैं तो मुख्यालय की ओर से अस्पताल को बजट जारी किया जाएगा।
-अमनदीप, इंचार्ज, जिला कायाकल्प योजना, सिरसा।