सिरसा। डेरा सच्चा सौदा मुख्यालय में आकर सेवादार को धमकाने की घटना के बाद डेरा प्रबंधन सतर्क हो गया है। किसी को घटना से निपटने के लिए डेरा ने सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने के लिए स्पेशल टास्क फोर्स बना ली है। इस टास्क फोर्स में खास सेवादारों को शामिल किया गया है। इसके साथ ही पुलिस ने भी डेरे की सुरक्षा बढ़ाई है। हालांकि डेरे के सेवादार को निहंगों के वेश में आकर धमकी देने के मामले में पुलिस अभी जांच कर रही है कि आखिर धमकी देकर जाने वाले कौन लोग थे। इस घटना को पंजाब में हुई बेअदबी मामले से जोड़कर देखा जा रहा था।
डेरा सच्चा सौदा परिसर की सुरक्षा को लेकर अब सेवादार और डेरा प्रबंधन किसी भी प्रकार का खतरा नहीं लेना चाहता। इसलिए डेरे ने विशेष टास्क फोर्स तैयार की है। इसमें कई सेवादारों को शामिल किया गया है। इनकी टीमें गठित कर अलग-अलग ड्यूटियां लगाई हैं। ये टास्क फोर्स दिन के साथ-साथ खासकर रात्रि के समय खास ध्यान रखती है। इसके सदस्य न केवल डेरे और आसपास के एरिया में तैनात रहते हैं बल्कि रात्रि के समय भी गश्त करते हैं। जो भी संदिग्ध व्यक्ति नजर आए, उसकी सूचना तुरंत पुलिस को दी जाती है। डेरे के खेतों की भी सुरक्षा सुनिश्चित करने के आदेश हैं क्योंकि रास्ता खुला होने के कारण खतरा ज्यादा रहता है। ये टास्क फोर्स पुलिस के संपर्क में 24 घंटे रहती है। इन्हें खासकर तौर पर एसपी ने अपने संपर्क में रखा है ताकि किसी भी प्रकार की सूचना तुरंत मिल सके। (संवाद)
पुलिस भी सतर्क, सादी वर्दी पुलिसकर्मी रहते हैं तैनात
घटना के बाद पुलिस भी सतर्क हो गई है। पुलिस ने डेरे की सुरक्षा बढ़ा दी है। डेरे और आसपास के एरिया में सादी वर्दी में पुलिस कर्मी तैनात रहते हैं। इसके अलावा डेरे के आसपास 3 पुलिस नाके भी लगाए गए हैं। पूरी जांच के बाद ही किसी भी व्यक्ति को डेरे के भीतर जाने की इजाजत होती है। इसके अलावा डायल-112 की एक पीसीआर भी रात्रि गश्त के साथ-साथ दिन में भी तैनात रहती है।
ये है पूरा मामला
डेरा सच्चा सौदा के खेत में लगी मोटर पर तैनात एक सेवादार पंजाब निवासी गुरबक्श सिंह ने पुलिस को शिकायत दी। शिकायत में उसने बताया कि 21 दिसंबर को वह डेरे की 20 नंबर मोटर पर तैनात था। आरोप है कि जब वह खेत में था, तो निहंगों के वेश में चार लोग बाइक पर आए। उनके पास बंदूकें भी थी। बाइक सवार निहंगों के वेश में आए लोगों ने पूछा कि डेरा में पंजाब का प्रधान कौन है। जब उसने कहा कि इस बारे में जानकारी नहीं है तो आरोप है कि उन्होंने बंदूक दिखाकर धमकाया और कहा कि नहीं बताया तो जान से मार देंगे। इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने उस समय मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी थी। पुलिस इस मामले को पंजाब में हुए गुरुग्रंथ साहिब बेअदबी मामले से जोड़कर देख रही है और जांच की जा रही है।
इस घटना को लेकर पुलिस जांच में जुटी है और कई तथ्य भी जुटाए हैं। घटना के बाद डेरे की सुरक्षा बढ़ाई गई है। सादी वर्दी में पुलिस के साथ-साथ वर्दी के साथ पुलिस कर्मियों के 3 नाके भी लगाए हैं। डायल-112 वैन भी गश्त करती रहती है। इसके अलावा डेरे की ओर से भी अपनी विशेष टीम तैयार की गई है जो स्वयं रात्रि पहरे के साथ-साथ गश्त करती है। कोई संदिग्ध नजर आए तो उसकी सूचना पुलिस को देती है। ये टीम पुलिस के साथ मिलकर काम कर रही है और चप्पे-चप्पे पर नजर जमाए है।
-डॉ. अर्पित जैन, एसपी, सिरसा।