न्यायाधीश ने कहा कि नशे से नौजवान पीढ़ी का जीवन बर्बाद हो रहा है, तस्करों को सख्त सजा देना जरूरी है। सजा का फैसला सुनाए जाने से पहले दोषियों ने सजा में नरमी बरतने की गुहार लगाई थी।
हरियाणा के सिरसा में प्रतिबंधित गोलियों की तस्करी करने वाले चार तस्करों को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश कुलदीप सिंह ने 20-20 साल कैद और 2-2 लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने पर 2-2 अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।
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सजा का फैसला सुनाए जाने से पहले दोषियों ने सजा में नरमी बरतने की गुहार लगाई थी। न्यायाधीश कुलदीप सिंह ने इस गुहार के जवाब में कहा कि नशे के कारण नौजवान पीढ़ी का जीवन बर्बाद हो रहा है। इसलिए नशा तस्करों पर सख्त दंड देना जरूरी है, ताकि युवाओं का जीवन बर्बाद होने से बचाया जा सके। सख्त सजा से तस्करी करने वालों को कड़ा संदेश जाएगा।
इस मामले में डिंग थाना पुलिस ने सितंबर 2018 को केस दर्ज किया था। मामले के अनुसार 20 सितंबर 2018 को भावदीन बस स्टैंड पर गश्त कर रही पुलिस को सूचना मिली कि सुनील कुमार निवासी खारियां व गुरविंद्र उर्फ सेठी निवासी गांव रघुआना फतेहाबाद की ओर से काफी मात्रा में नशे में प्रयुक्त होने वाली गोलियां गाड़ी में लेकर आएंगे। इनके साथ अन्य साथी भी हैं।
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सूचना के आधार पर पुलिस ने नेशनल हाईवे नौ पर नाकाबंदी कर दी और वाहनों की जांच करने लगे। इसी दौरान पुलिस ने एक गाड़ी को रुकवाया। इसमें चार लोग सवार थे। गाड़ी की तलाशी के दौरान नशे में प्रयुक्त होने वाली प्रतिबंधित एक लाख 17 हजार गोलियां बरामद हुईं।
आरोपियों की पहचान सुनील कुमार निवासी खारियां, गुरविंद्र निवासी गांव रघुआना, विकास निवासी खारियां, कुलदीप उर्फ गौरी निवासी रघुआना के रूप में हुई। आरोपियों ने ये गोलियां गत्ते की पांच पेटियों में रखी हुई थीं। इसके बाद पुलिस ने चारों को गिरफ्तार कर लिया। सोमवार को इस मामले का निपटारा करते हुए एएसजे कुलदीप सिंह ने दोषियों को 20-20 साल कैद की सजा सुनाई।