रोहतक। गर्मी की तपिश जलाने लगी है। जिले में 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास बने तापमान ने हर किसी को प्रभावित किया है। चिड़ियाघर के जीव भी इससे अछूते नहीं हैं। वन्य प्राणी विभाग ने इन जीवों खासकर टाइगर व पैंथर परिवार के लिए कूलर की व्यवस्था की है। कूलर की ठंडी हवा में ही इन जीवों की दोपहर कट रही है।
मार्च का अंत बेहद गर्म रहा। अप्रैल की शुरुआत भी भीषण गर्मी से हुई है। गर्म हवाएं चलने लगी हैं। इससे लोग परेशान हैं। मौसम के इस बदलते मिजाज से जीव-जंतु भी अछूते नहीं हैं। ये भी गर्मी से व्याकुल हैं।
पानी का छिड़काव व शेड दे रहे राहत
चिड़ियाघर के जीवों को गर्मी से राहत पहुंचाते हुए पानी का छिड़काव, ठंडक में रहने के लिए पानी के टब मुहैया करा जा रहे हैं। कहीं पेड़ों की छांव है तो कहीं शेड के जरिए छांव की व्यवस्था की गई है।
कूलर की हवा में कट रही दोपहर
टाइगर व पैंथर के लिए उनके एन्क्लोजर में ही पानी भरा गया है। यही नहीं, अलग से पानी का टैंक भी रखा गया है। इसके अलावा इनके एन्क्लोजर में बड़े कूलर लगाए गए हैं। इनकी दोपहर कूलर की ठंडी हवा में कट रही है।
गर्मी के हिसाब से दिया जा रहा खाना
चिड़ियाघर के जीवों का गर्मी में खास ख्याल रखा जा रहा है। इसमें उनका खाना-पीना मुख्य है। बढ़ते तापमान में उन्हें गर्मी के हिसाब से खाना दिया जा रहा है। गर्म स्वभाव के जीवों को डॉक्टर की देखरेख में डाइट दी जा रही है।
वर्जन:
तापमान तेजी से बढ़ा है। गर्मी में जीवों को राहत पहुंचाई जा रही है। इसके लिए बड़े कूलर भी लगवाए गए हैं। जीवों के खाने पीने का विशेष ध्यान रखा जा रहा है।
- शिव रावत, मंडलीय अधिकारी, वन्य प्राणी अधिकारी।