नगर निगम की 550 दुकानों में 20 साल से किरायेदार अब दुकान मालिक बनने जा रहे हैं। वीरवार से दुकान से संबंधित सूचनाएं देते हुए वेबसाइट www.ulb.shops.ulb.haryana.gov.in पर आवेदन करना होगा। वेबसाइट पर दी सूचना की निगम जांच करेगी। इसके बाद निगम मालिकाना हक देने के लिए रजिस्ट्री करेगा। इसके लिए नगर निगम आयुक्त ने वीरवार को मार्केट कमेटी के प्रधानों व प्रतिनिधियों की बैठक बुलाई है।
प्रदेश में नगर निगम, नगर पालिका व परिषदों की दुकानों में काफी समय से किरायेदारों को मालिकाना हक देने की मांग की जा रही थी। इसके लिए मुख्यमंत्री ने 20 साल या इससे ज्यादा समय से किरायेदारों को मालिकाना हक देने का फैसला लिया। इसका लाभ रोहतक शहर के 700 से ज्यादा किरायेदारों में से 550 को मिलेगा। इसके लिए मुख्यमंत्री शहरी निकाय स्वामित्व योजना पोर्टल को शुरू कर दिया है। ये दुकानें पालिका बाजार, इंदिरा मार्केट, बेरी रोड, पुरानी अनाज मंडी गेट, सलारा मोहल्ला, किला रोड, माता दरवाजा, सिविल रोड, दयानंद मठ, पटवार खाना, सिविल अस्पताल रोड, शिवाजी कॉलोनी, गांधी कैंप, सुभाष रोड, पुरानी सब्जी मंडी रोड, कच्चा बेरी रोड और बाहरी किला रोड में स्थिति हैं। इन दुकानों के किरायेदार वीरवार से स्थानीय निकाय की बेवसाइट पर दुकान से संबंधित सूचना देते हुए आवेदन करेंगे। जानकारों का कहना है कि सब कुछ सही रहा तो जुलाई के आखिरी तक मालिकाना हक मिलना शुरू हो जाएगा।
निगम आयुक्त मार्केट प्रधानों के साथ आज करेंगे बैठक
नगर निगम आयुक्त प्रदीप गोदारा वीरवार की दोपहर 2:30 बजे संबंधित बाजारों के प्रधानों व प्रतिनिधियों के साथ बैठक करेंगे। इसमें वेबसाइट पर दी जाने वाली जानकारियों के बारे में बताया जाएगा। यह प्रक्रिया कब तक जारी रहेगी इसके भी बारे में फैसला होगा। वहीं, प्रदेश सरकार ने तय किया है कि जिन दुकानदारों को 31 दिसंबर 2020 को किरायेदार के रूप में 20 साल पूरे हो गए हैं, वहीं मालिकाना हक लेने के पात्र होंगे। इसके अलावा कोई भी दुकानदार इसके लिए आवेदन नहीं कर सकेगा। पूरी बिल्डिंग पर काबिज दुकानदार को पूरी जमीन की रजिस्ट्री होगी। दो मंजिला होने पर प्रतिशत का निर्धारण किया गया है। ग्राउंड फ्लोर पर कब्जाधारी को कलेक्ट्रेट रेट का 60 फीसदी व पहली मंजिल को 40 फीसदी राशि देनी होगी।
निगम क्षेत्र के 550 किरायेदारों को मुख्यमंत्री शहरी निकाय स्वामित्व योजना के तहत मलिकाना हक मिलेगा। वीरवार से ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू होगी। दुकानदार द्वारा दी सूचनाओं की टीम जांच करेगी तब कहीं जाकर रजिस्ट्री होगी। वीरवार की दोपहर बाजारों के प्रधानों व प्रतिनिधियों को बैठक के लिए बुलाया गया है।
- प्रदीप गोदारा, आयुक्त, नगर निगम