कैनाल रेस्ट हाउस के बाहर भवन निर्माण कामगार यूनियन के करते हुए व उनको रोकते पुलिस।
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शहर के छोटूराम चौक पर दो राज मिस्त्री की मौत के मामले में शुक्रवार को भवन निर्माण कामगार यूनियन से जुड़े श्रमिकों ने शुक्रवार को कैनाल रेस्ट हाउस के बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी मुआवजे की मांग को लेकर डीसी व एसपी से मिलना चाहते थे। पुलिस ने कैनाल रेस्टहाउस में स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव राजीव अरोड़ा के साथ मीटिंग में व्यस्त डीसी व एसपी से तक पहुंचने से रोक दिया। इस दौरान श्रमिकों और पुलिस के बीच हल्की धक्का-मुक्की व झड़प भी हुई। बाद में डीसी व एसपी ने बाहर आकर श्रमिकों से मुलाकात की और 2 दिन में श्रमिकों की मांगों का समाधान करने का भरोसा दिया। इसके बाद प्रदर्शनकारी वापस लौट गए।
बिहार निवासी गौतम व उत्तम लंबे समय से रोहतक में रह रहे थे 5 दिन पहले शहर के छोटू राम चौक पर हरी नगर वाली गली में निर्माणाधीन बिल्डिंग से गिरकर दोनों की मौत हो गई थी पुलिस ने मामले में ठेकेदार व बिल्डिंग मालिक के खिलाफ लापरवाही का मामला दर्ज किया है। भवन निर्माण कामगार यूनियन ने प्रशासन से मांग की थी कि दोनों परिवारों को 10-10 लाख रुपए मुआवजा दिया जाए। इसके लिए श्रमिकों ने रविवार को डीसी आवास के बाहर प्रदर्शन भी किया था। एसडीएम राकेश सैनी ने उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया था। साथ ही सोमवार को श्रम विभाग व कामगार यूनियन की अपने ऑफिस में मीटिंग भी ली थी।
श्रम विभाग ढाई-ढाई लाख रुपए सरकार की योजना के तहत सहायता करने के लिए तैयार हो गया था। जबकि भवन निर्माण कामगार यूनियन तत्काल 8 से 10 लाख रुपये मुआवजे की मांग कर रही थी। इसके लिए भवन निर्माण कामगार यूनियन ने प्रशासन को 8 अक्टूबर तक का समय दिया था। शुक्रवार को मांग पूरी ना होने पर श्रमिकों ने प्रदर्शन किया और डीसी व एसपी से मुलाकात की प्रशासन ने कार्रवाई के लिए 2 दिन का समय मांगा है।