त्योहारी सीजन में मिठाई के शौकीनों को सतर्क रहने की जरूरत है। दिवाली से दो दिन पहले आई पांच खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता रिपोर्ट में से चार के सैंपल सेहत के लिए नुकसानदायक बताए गए हैं। इससे स्वास्थ्य संबंधी चिंता और बढ़ गई है। अभी विभाग की ओर से लिए गए और सैंपलों की रिपोर्ट आना शेष है। यही नहीं, खाद्य एवं औषधि प्रशासक (एफडीए) विभाग के साथ सीएम फ्लाइंग टीम भी खाद्य सामग्री की गुणवत्ता को लेकर कार्रवाई कर रही है। इसी कड़ी में मंगलवार शाम को छापामारी कर चार दुकानों से सैंपल भरे गए।
स्वास्थ्य विभाग की मानें तो मंगलवार को मुख्यालय की लैब से पांच खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता रिपोर्ट जिला कार्यालय पहुंची। इसमें एक को छोड़कर चार की गुणवत्ता खराब होने की पुष्टि की गई है। विभाग के मुताबिक, शहर के दुर्गा भवन मंदिर के पीछे दूध चौक इलाके की एक दुकान से पनीर के सैंपल लिए गए थे। पनीर के दोनों सैंपल सब स्टैंडर्ड मिले हैं। यानी इनमें तय मानकों के अनुरूप गुणवत्ता नहीं है। यहीं की एक दुकान से दूध का सैंपल लिया गया था। यह सैंपल जांच में अनसेफ (असुरक्षित) मिला है। इसके अलावा माल गोदाम रोड की एक दुकान से लिए गए लाल मिर्च के सैंपल की रिपोर्ट में यह मिस ब्रांडेड पाई गई है। अब विभाग इन विक्रेताओं को नोटिस जारी करेगा। नोटिस का जवाब आने बाद अगली कार्रवाई की जाएगी। विक्रेता चाहे तो अपने स्तर पर सैंपल की जांच के लिए आवेदन कर सकता है। ये मामले सुनवाई के लिए सीजेएम की अदालत व एडीसी के समक्ष पेश किए जाएंगे। यहां इन पर नियमानुसार जुर्माना, सजा या दोनों लगाए जा सकते हैं।
अभी आनी हैं 18 सैंपलों की रिपोर्ट
खाद्य एवं औषधि प्रशासक विभाग की ओर से सितंबर माह में लिए गए सैंपलों की रिपोर्ट आने लगी है। अभी करीब 18 रिपोर्ट सितंबर माह की आनी शेष हैं। इसके अलावा अक्तूबर में लिए जा रहे सैंपल भी बाकी हैं। इनकी जांच में समय लगने के चलते विभाग को रिपोर्ट तैयार करने में दिवाली के बाद भी कई दिन लग सकते हैं। लैब में वर्कलोड के कारण यह स्थिति बनी हुई है। ऐसे में रिपोर्ट आने से पहले ही लोग मिलावटी व निमभन गुणवत्ता वाली मिठाइयां खा चुके होंगे।
बाजारों में नियमों के विरुद्ध बिक रहीं मिठाइयां
दिवाली पर मिठाई की मांग बनी हुई है। इसके चलते गली-गली में मिठाइयों की दुकानें सजी हुई हैं। रोहतक की करीब 450 हलवाइयों की दुकानों के अलावा 150 से ज्यादा जगहों पर अस्थायी स्टाल लगाकर भी मिठाइयां बेची जा रही हैं। खुले में बिक रही इन मिठाइयों की बनाने की तिथि पता है न खराब होने का दिन। इस तरह की टैगिंग स्वास्थ्य विभाग की ओर से अनिवार्य है। इसके बावजूद नियमों के विरुद्ध मिठाई बेची जा रही हैं। कुछ नामी दुकान व बड़े मिष्ठान भंडार को छोड़ दें तो ज्यादातर दुकानों पर बेची जा रही मिठाई की गुणवत्ता सवालों के घेरे में है। मंगलवार को लैब से जारी हुई खाद्य सामग्री की रिपोर्ट भी इसी ओर संकेत करती है।
पुराने बाजार में दुकानें ज्यादा
मिठाई बाजार पूरे शहर में गुलजार है। इसमें सबसे ज्यादा दुकानें पुराने शहर के बाजारों में हैं। इसमें बड़ा बाजार, पुरानी सब्जी मंडी, पुराना बस स्टैंड इलाका, रेलवे रोड, झज्जर रोड, दुर्गा भवन मंदिर, दूध चौक इलाका मुख्य है। नए शहर में नई व बड़ी दुकानों की अधिकता है। इन दोनों इलाकों में मिठाई के दाम भी अलग-अलग हैं। पुराने शहर में खोया बर्फी, पेड़ा व अन्य मिठाइयां 240 से 260 रुपये किलो के भाव बिक रहा है तो नए शहर की ऊंची दुकानों में यह 350 रुपये प्रति किलो से लेकर 600 रुपये प्रति किलो के भाव तक बिक रहा है। कुछ यही हाल, मिल्क केक, लड्डू, जलेबी, रसगुल्ला, गुलाब जामुन व अन्य मिठाइयों का भी है।
सीएम फ्लाइंग ने 4 दुकानों से भरे सैंपल
इंस्पेक्टर सुल्तान सिंह की देखरेख में सीएम फ्लाइंग की टीम ने मंगलवार देर शाम शहर के विभिन्न इलाकों में खाद्य सामग्री की गुणवत्ता जांचने के लिए छापामार कार्रवाई की। इस टीम में एफएसओ डॉ. हर्ष कुमारी, सहायक सुनील, खाद्य आपूर्ति विभाग के निरीक्षक सुरेश कुमार आर्य, सीएम फ्लाइंग से एसआई श्रीभगवान, एसआई जगत सिंह व अन्य जवान शामिल रहे। टीम ने चार दुकानों से सैंपल भरे। इसमें सुखपुरा चौक स्थित महालक्ष्मी बीकानेर मिष्ठान भंडार से रसगुल्ला, कृपाल नगर में सैनी स्वीट्स से बर्फी, सुखपुरा चौका से ताज महल स्वीट्स से पेठा, सुखपुरा चौक स्थित सैनी स्वीट्स से बेसन की पिन्नी का सैंपल लिया गया। सैंपल जांच के लिए भेज दिए गए हैं। सीएम फ्लाइंग व एफडीए विभाग की इस साझा कार्रवाई से मिठाई बाजार में हलचल मच गई।
दिवाली पर त्योहार की खुशी मिठाई के साथ साझा की जाती है। इसके लिए मिठाइयों की मांग रहती है। त्योहार पर मिठाई की गुणवत्ता को ध्यान में रखकर ही खरीदारी करें। विश्वसनीय प्रतिष्ठान से ही अच्छी मिठाई खरीदें। सेहत से किसी प्रकार का समझौता न करें।
- पल्लवी, मानसरोवर कॉलोनी
त्योहार पर मिठाई बाजार गर्माया हुआ है। हर घर में मिठाइयां खरीदी जा रही हैं। कोई अपने खाने के लिए तो दूसरों को भेंट करने के लिए मिठाई घर ला रहा है। ऐसे में खरीदारी करते समय थोड़ी सतर्कता बरतें। मिठाई अच्छी व साफ सुथरी दुकान से ही खरीदें।
- विंपी, मानसरोवर कॉलोनी
दिवाली का त्योहार है। कोरोना के बाद ग्राहक घरों से निकला है। त्योहार को लेकर मिठाई बाजार सज गए हैं। स्थायी दुकानदार अपने ग्राहकों की सेहत को ध्यान में रखकर मिठाई तैयार कर रहे हैं। अस्थायी दुकानदारों के बारे में कुछ कहना मुश्किल है। कुछ लोग गड़बड़ी करते हैं, उनके कारण बाकी को परेशानी का सामना करना पड़ता है। खुशी के इस पर्व पर सभी को ईमानदारी से बेहतर खाद्य सामग्री तैयार करनी चाहिए। गलत करने वाले का साथ नहीं दिया जाएगा।
- सुंदर श्याम नागपाल, प्रधान, हलवाई एसोसिएशन
त्योहार को देखते हुए खाद्य सामग्री की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। दुकानों से सैंपल भरे जा रहे हैं। मंगलवार को पांच सैंपलों की रिपोर्ट आई है। इनमें से चार की गुणवत्ता निमभन स्तर की पाई गई है। अब विभाग संबंधित विक्रेताओं को नोटिस जारी करेगा। इसके बाद अगली कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। विक्रेताओं को नियमों के तहत सामान बेचना चाहिए। ऐसा नहीं करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
- डॉ. हर्ष कुमारी, एफएसओ