रोहतक। मोरखेड़ी गांव में शनिवार को बिजली मीटर घरों से बाहर लगाने का विरोध तो हुआ मगर पुलिस की सख्ती से विरोधी शांत हो गए। जिसके चलते शाम तक करीब 30 मीटरों को बाहर किया जा सका। रविवार से पुलिस की मौजूदगी में ही मीटरों को बाहर लगाने का काम लगातार चलेगा।
भालौठ सब डिविजन के गांव मोरखेड़ी, आसन, कंसाला, हुमायूपुर, भालौठ, किलोई, बखेता में घरों के अंदर लगे बिजली के मीटरों को बाहर करने में बिजली निगम की टीम को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। कुछ ग्रामीण विरोध कर देते हैं, जिसकी वजह से टीम को लौटने के लिए मजबूर होना पड़ता है। एसडीओ प्रियांक जांगड़ा ने बताया कि 12 फरवरी को बिजली निगम की टीम गांव मोरखेड़ी के करीब 650 कनेक्शन धारकों के मीटर घरों से बाहर लगाने के लिए गई। 265 उपभोक्ताओं ने बिना विरोध के मीटर बाहर लगवा लिए। जैसे की टीम मोरखेड़ी अड्डा स्थित एक घर में मीटर बाहर लगाने के लिए पहुंची, वैसे ही एक महिला-पुरुष के साथ काफी संख्या में आए लोगों ने विरोध शुरू कर दिया। हालात हाथापाई और गाली-गलौज तक पहुंच गई। मामला बिगड़ता देख टीम ने पुलिस को बुला लिया। पुलिस के पहुंचने पर किसी तरह से टीम लौटकर आई। पूरे घटनाक्रम की जानकारी अफसरों को हुई। जिसके चलते शनिवार की सुबह बिजली निगम की टीम काफी संख्या में पुलिस फोर्स के साथ गांव मोरखेड़ी पहुंची। कुछ लोगों ने मीटर बाहर लगाने का विरोध किया मगर पुलिस की सख्ती के चलते विरोध दब गया। इसके बाद बिजली निगम की टीम ने शाम तक करीब 30 मीटरों को घरों से बाहर लगाया। रविवार को भी पुलिस फोर्स की मौजूदगी में मीटर बदलने का काम किया जाएगा।
अधिशासी अभियंता गगन पांडेय ने कहा कि अब हर गांवों के प्रत्येक घरों के मीटर बाहर खंभे पर किए जाएंगे। इसके लिए टीमें लगा दी गई हैं। यदि किसी भी तरह का विरोध होगा तो पुलिस प्रशासन की मदद ली जाएगी।
धामड़ गांव में बिजली कर्मियों को बंधक बनाकर पीटा
जिले के गांव धामड़ में ग्रामीणों ने बिजली कर्मियों को चौपाल में बंधक बनाकर पीटा। इस संबंध में सदर थाने में केस दर्ज करवाया गया है। पुलिस के मुताबिक जसिया बिजली घर के अधिकारी विनोद कुमार ने दी शिकायत में शुक्रवार को बिजली निगम के जेई सत्यवान के नेतृत्व में बिजली निगम की टीम धामड़ गांव में बिजली के मीटर घरों से बाहर निकालने गई थी। ग्रामीणों ने मीटर घरों से बाहर निकालने शुरू किए। तभी ग्रामीण एकत्रित होने लगे। तभी गांव निवासी वजीर सिंह, मोनू, रामचंद्र, राजसिंह, संतोष, संदीप, धनवीर, निर्मला, अजमेर, आशीष, जितेंद्र, जगबीर, लीलू, दिनेश व वजीर अन्य ग्रामीणों के साथ एकत्रित हो गए। बिजली कर्मियों को चौपाल में बंधकर बनाकर पीटा और गाली गलौच किया। साथ में धमकी दी कि अगर गांव में घुस गए तो जान से मार देंगे। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है।