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एक व्यक्ति के कारण दो सौ परिवारों को पानी के लिए हो रही परेशानी

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रामगोपाल कॉलोनी में जनस्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा खोदा गया गड्ढा, जो बिना कार्रवाई बंद कर दिया - फोटो : RohtakCity
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रामगोपाल कॉलोनी के 200 से ज्यादा परिवार गंभीर पेयजल समस्या से जूझ रहे हैं। जनस्वास्थ्य विभाग के अफसरों को परेशान लोगों की फरियाद सुनाई नहीं दे रही है। लोगों की परेशानी की वजह कोई और नहीं बल्कि उनके ही विभाग का सेवानिवृत्त अफसर खड़ा कर रहा है। क्योंकि वे जनाब पीने के पानी से अपने घर में बागवानी करते हैं। इनका रुतबा इतना है कि उच्च अधिकारियों के आदेश पर तीन अवैध कनेक्शन काटने के लिए खोदाई तक की गई पर कनेक्शन नहीं काटा गया। पांच दिन तक गड्ढा खुला रहा और एक दिन रात में उसे मिट्टी डालकर ढक दिया गया। अब परेशान लोगों ने फैसला लिया है कि वे मुख्यमंत्री से फरियाद करेंगे।
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रामगोपाल कॉलोनी में महम के पूर्व विधायक आनंद सिंह दांगी के घर से कुछ कदमों की दूरी पर पेयजल आपूर्ति की आठ इंच की पाइप लाइन गुजरती है। परेशान लोगों ने बताया कि इस लाइन से जनस्वास्थ्य विभाग से सेवानिवृत्त अधिकारी ने अवैध तरीके से तीन कनेक्शन ले रखे हैं। एक तरफ मुख्य लाइन में दो-दो इंच की दो पाइप और दूसरी तरफ एक इंच की पाइप जोड़ रखी है। आठ इंच की पाइप लाइन में आने वाला पानी पांच इंच की पाइप से अकेले सेवानिवृत्त अफसर के घर जा रहा है। यही नहीं, इन लाइनों में मोटरें भी लगा रखी हैं, ताकि पूरी क्षमता से लाइन का पानी खींचा जा सके। इस वजह से कॉलोनी के 200 से ज्यादा परिवार कई सालों से गंभीर पेयजल समस्या से जूझ रहे हैं।
परेशान लोगों को पीने का ही नहीं बल्कि दैनिक दिनचर्या के लिए भी पानी के टैंकर खरीदने पड़ रहे हैं। उनका आरोप है कि वह जनस्वास्थ्य विभाग के जूनियर से लेकर चीफ इंजीनियर तक फरियाद लगा चुके हैं, मगर उनको सिर्फ आश्वासन मिला है। लोगों ने बताया कि जब सेवानिवृत्त अफसर के घर पर्याप्त पानी हो जाता है और मोटरें बंद कर देते हैं, तब कुछ घरों में पानी पहुंचता है, वह भी सात-आठ दिन में एक बार। लोगों ने आरोप लगाते हुए बताया कि पीने का पानी बागवानी में इस्तेमाल किया जा रहा है, जो अफसरों को नहीं दिखाई दे रहा है।
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लोगों ने आरोप लगाया कि विगत दिनों उच्च अधिकारियों के आदेश पर हकीकत देखने और अवैध कनेक्शन काटने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग की टीम आई थी। टीम ने खोदाई करवाई मगर कनेक्शन नहीं काटा। टीम यह कहकर लौट गई कि जल्द कनेक्शन काटेंगे। पांच दिन तक गड्ढा खुला रहा और शनिवार की रात चुपचाप मिट्टी डालकर गड्ढा भर दिया गया।
ऐसे लोगों पर होगी सख्त कार्रवाई : मनीष ग्रोवर
भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री मनीष कुमार ग्रोवर ने कहा ये मामला गंभीर है, क्योंकि पीने के पानी का दुरुपयोग किया जा रहा है। अफसरों को अवैध कनेक्शन काटने की कार्रवाई करनी चाहिए। एक व्यक्ति की वजह से 200 से ज्यादा घरों में पेयजल संकट होना गंभीर है। कानून सबके लिए समान है, इसलिए निश्चित रूप से कार्रवाई होगी। जनस्वास्थ्य विभाग के अफसरों से कहना है कि वह त्वरित कार्रवाई करें, ताकि लोगों को पीने का पानी मिल से।
कॉलोनी के परेशान लोग बोले
जूनियर इंजीनियर से लेकर चीफ इंजीनियर तक शिकायत कर चुके हैं, मगर कहीं पर भी सुनवाई नहीं हो रही है। अब तय किया है कि सीधे उपायुक्त या मुख्यमंत्री से राहत की फरियाद लगाएंगे। -वीरेंद्र हुड्डा
चार साल से घर में पानी नहीं आ रहा है। मजबूरन पानी खरीदना पड़ रहा है। सामने के घरों में 15-15 दिन तक नल से एक बूंद पानी नहीं आता। लगता है शिकायत करने का कोई मतलब नहीं। -देवेंद्र खत्री, सेवानिवृत्त नायब तहसीलदार।
पीने का पानी बागबानी में इस्तेमाल करने वाला भी जनस्वास्थ्य विभाग का अफसर रहा है, इसलिए कोई भी अधिकारी लोगों की समस्या का निदान नहीं करना चाहता है। अब शासन से शिकायत करेंगे। -परशुराम
शिकायत करते-करते कॉलोनी के लोग परेशान होकर थक गए हैं। हालात देख सकते हैं कि समस्या का निदान करने के लिए गड्ढा तो खोदा गया, मगर चुपचाप से मिट्टी भरकर बंद कर दिया गया है। -रविंदर
जूनियर इंजीनियर को भेजा था। खोदाई भी करवाई है। बिना कार्रवाई के गड्ढा भरवा दिया है, ये मुझे नहीं पता। यदि लोगों को दिक्कत हो रही है तो कनेक्शन काटकर कार्रवाई की जाएगी। -अनिल रोहिल्ला, एसडीओ, जनस्वास्थ्य विभाग
मामला मेरे संज्ञान में आया है जिस पर एसडीओ को कार्रवाई के आदेश भी दिए गए हैं। यदि किसी ने बड़े-बड़े पाइप लगाकर कनेक्शन लिया है, तो गलत है। नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। -राजीव गुप्ता, अधीक्षण अभियंता जनस्वास्थ्य विभाग।
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