- सरकारी और निजी बस में सफर के लिए समान हैं नियम
-रोडवेज के अधिकारी बोले, शिकायत मिलने पर करेंगे कार्रवाई
फोटो : 24 सीटीके 11
संवाद न्यूज एजेंसी
रोहतक। सरकार के नियम बराबर होने के बावजूद निजी बस चालक-परिचालक छात्र-छात्राओं से मनमाना किराया वसूल रहे हैं। इसके बावजूद अधिकारियों को कार्रवाई के लिए लिखित शिकायत का इंतजार है।
रोहतक डिपो में 184 सरकारी व 90 निजी बसें हैं, जो हर रोज लंबे रूट के साथ-साथ लोकल रूट पर दौड़ती हैं। शिक्षा के प्रति बढ़ते रुझान के चलते रोज सैकड़ों छात्र व छात्राएं सफर करते हैं। इसमें एमडीयू से लेकर जाट, गौड़, सैनी, वैश्य सहित दूसरी शिक्षण संस्थाओं में पढ़ने आते हैं। इसके लिए रोडवेज की तरफ छात्रों के पास बनाए जाते हैं, जबकि छात्राओं के फ्री में पास बनते हैं।
नियमों के तहत जो नियम सरकारी बस में लागू हैं, वही प्राइवेट बसों में लागू होते हैं। शिकायत है कि इसके बावजूद प्राइवेट चालक व परिचालक छात्राओं से आधा किराया, छात्रों से पूरा किराया वसूलते हैं। विद्यार्थियों ने बताया विरोध करने पर बस से उतारने की धमकी भी देने लगते हैं। कई बार तो परिचालक पांच से दस रुपये किराया भी ज्यादा वसूल लेते हैं। इस बारे में जानकारी कम होने की वजह से ज्यादा शिकायतें भी प्रशासन के पास नहीं जा रही हैं। इससे क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण विभाग भी इस पर कोई कार्रवाई नहीं कर रहा हैं।
यह बोलीं छात्राएं
बस पास दिखाने के बावजूद निजी बस परिचालक आधा किराया वसूलते हैं। कॉलेज से बना बस पास भी परिचालक को दिखाया। इसके बाद भी परिचालक ने आधा किराया ले लिया।
- हिमांशी छात्रा, जाट कॉलेज।
रोहतक से सांपला जाते समय परिचालक ने टिकट लेने के लिए कहा। बस पास बताने पर कहा कि आधा किराया लगता है।
- आरती पूनियां, छात्रा बाबा मस्तनाथ विश्वविद्यालय।
रोज रोहतक से गोहाना आना-जाना पड़ता है और बस पास दिखाने के बावजूद भी आधा किराया ले लिया जाता है।
- राखी, छात्रा महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय।
बस पास दिखाने के बाद भी किराया लेते हैं और मना करने पर झगड़ा करने लगते हैं। बस से उतरने के लिए बोलते हैं।
- तमन्ना, छात्रा बाबा मस्तनाथ विश्वविद्यालय।
वर्जन
अभी तक किसी छात्रा ने ऐसी शिकायत नहीं की है, अगर निजी बस परिचालक ऐसा कर रहे हैं तो तुरंत शिकायत करें। जो नियम रोडवेज बसों के लिए हैं, वही निजी बसों के लिए हैं। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- कुलदीप सिंह, मुख्य यातायात निरीक्षक, रोडवेज डिपो।