मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने स्वास्थ्य विभाग की टीम के साथ रोहतक के गांव बैंसी में छापा मारा, यहां से एलोपैथिक दवाइयों से मरीजों का उपचार करने के आरोप में यूनानी डॉक्टर को पकड़ा है। लाखनमाजरा थाना पुलिस ने राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग अधिनियम, 2019 की धारा 34 व आईपीसी की धारा 420 के तहत आरोपी डॉक्टर सत्यवान को गिरफ्तार कर लिया है। वीरवार को उसे अदालत में पेश किया जाएगा।
जिला स्वास्थ्य विभाग के एसएमओ डॉक्टर संदीप ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि मुख्यमंत्री उड़नदस्ते की टीम के साथ उनकी ड्यूटी लगी। शिकायत दी थी कि बैंसी गांव में अजायब निवासी सत्यवान बिना डिग्री के मरीजों का उपचार कर उनके स्वास्थ्य से खिलवाड़ कर रहा है। संयुक्त टीम दोपहर को बैंसी में सत्यवान के क्लीनिक पर पहुंची।
जब सत्यवान से क्लीनिक चलाने व उपचार करने के संबंध में कागजात मांगे तो उसने राजकीय आयुर्वेदिक व यूनानी चिकित्सा परिषद (बिहार) का प्रमाण पत्र दिखाया। प्रमाण पत्र का पंजीकरण नंबर 4477, दिनांक 27-11-2006 पाया गया। जांच में क्लीनिक के अन्दर 2 बेड मिले। इनमें एक के ऊपर खाली ग्लूकोज की बोतल टंगी हुई मिली।
क्लीनिक पर सत्यवान एलोपैथिक दवाइयों के साथ उपचार करता हुआ मिला। मौके पर चिकित्सा उपकरणों के साथ-साथ विभिन्न प्रकार की एलोपैथिक दवाई भी मिली। पूछताछ में सत्यवान ने बताया कि उसने यह जगह कश्मीरी लाल से 500 रुपये में किराये पर ले रखी है। मामले की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने शिकायत दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।