शीतल नगर में रहने वाले फौजी भाइयों ने आईजी, एसपी समेत आठ पुलिस वालों के खिलाफ कोर्ट में केस डाला है। शिवाजी कालोनी थाना पुलिस पर मारपीट करके फर्जी मामले में जेल भेजने का आरोप लगाया गया है तो आईजी व एसपी पर शिकायत के बाद भी सुनवाई नहीं करने का आरोप लगाया है। कोर्ट की शिकायत ब्रांच में केस दर्ज कर लिया गया है, जिसपर शुक्रवार को सुनवाई होगी।
शीतल नगर में रहने वाले सगे भाई संजय व समुंद्र फौजी हैं। संजय जाट रेजीमेंट में अलवर में तैनात हैं। वह छुट्टी लेकर 27 मई को रोहतक आ रहे थे, जो झज्जर बाईपास पर शाम लगभग आठ बजे पहुंचे। उन्हें घर जाने का कोई साधन नहीं मिला तो उसने नाके पर तैनात पुलिस कर्मियों से किसी वाहन में बैठाने की मदद मांगी। आरोप था कि पुलिस वालों ने उसकी मदद करने की जगह शराब की बोतल मांगी और उसके सामान की तलाशी ली। विरोध करने पर कहासुनी होने लगी और मारपीट हो गई। आरोप है कि पुलिस वालों ने उसे थाने में ले जाकर मारपीट की और उस पर ही पुलिस के साथ मारपीट का मामला दर्ज करके जेल भेज दिया। उसके भाई समुंद्र ने उसे जमानत पर छुड़वाया। दोनों फौजी भाई एसपी के पास शिकायत लेकर पहुंचे, लेकिन वहां भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस कारण वह आईजी से मिलने उनके कार्यालय पहुंचे। आईजी के नहीं होने के कारण बाहर आ गए, जहां शिवाजी कालोनी की पुलिस आई। आरोप है कि शिवाजी कालोनी एसएचओ ने उनके साथ मारपीट की। इस मामले में फौजी संजय ने आईजी, एसपी, एसएचओ शिवाजी कालोनी, एएसआई, हेड कांस्टेबल, कांस्टेबल, ईएएसआई, ईएचसी के खिलाफ केस डाला है। जबकि उसके भाई समुंद्र ने आईजी व एसपी के खिलाफ केस डाला है, जिनपर आज सुनवाई होगी।