पुलिस इस मामले में फूंक-फूंक कर कदम आगे बढ़ा रही है। चूंकि दोनों आरोपियों की चैट युवती के मोबाइल फोन में मिली है, जबकि हत्यारोपी सूरज ने उन दोनों युवकों को फंसाने की साजिश रची थी। अब पुलिस इस पूरे मामले की कड़ी जोड़ने में लगी है। इन युवकों का जितना इस मामले में हाथ पाया जाएगा, उनके खिलाफ भी पुलिस कार्रवाई करने की तैयारी में है।
युवती के मोबाइल फोन से भेजी गई चैट के मामले की जांच को सत्यापित करने के लिए पुलिस युवती और हत्यारोपी के मोबाइल फोन को एफएसएल टीम के पास जांच के लिए भेजेगी। इससे पता चल सकेगा कि युवती की हत्या कब हुई, कब उसे जहर दिया गया। इसके अलावा मोबाइल फोन से चैटिंग के स्क्रीनशॉट किसको और कब भेजे गए थे। पुलिस पहले इस घटना को आत्महत्या मानकर चल रही थी। युवती के मोबाइल फोन से उसके भाई पर दो युवकों को मौत के लिए जिम्मेदार ठहराने वाला एक वीडियो सामने आया था। इस वीडियो में आरोपी सूरज का चेहरा दिखने पर पुलिस के संदेह की सुई उसकी ओर घूमी थी।
युवती शहर की एक गैस एजेंसी पर काम करती थी। वह आईएमटी क्षेत्र के फेज-3 कैसे पहुंची, युवक उसे अपने साथ ले गया या बुलाया गया था। इसके अलावा युवक ने हत्या करने से पहले युवती से क्या-क्या बात की और उसे किस तरह जहर देकर मारा। इन सभी सवालों के जवाब लेने के लिए हत्यारोपी सूरज को रिमांड पर लेने के लिए अदालत से गुहार लगाई जाएगी।
परिजनों ने पहले ही दिन युवती की दुष्कर्म के बाद हत्या की आशंका व्यक्त की थी, लेकिन पुलिस ने इसे आत्महत्या करार दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हो गया कि युवती के साथ पहले दुष्कर्म किया और फिर उसे जहर देकर मारा गया। यही परिजनों का अंदेशा था और पुलिस को भी इसी अंदेशे पर लौटना पड़ा।