पीजीआई में परिजनों से पूछताछ करती पुलिस। संवाद
कंसाला के चिकन कॉर्नर संचालक सोनू (38) की मौत डोगा बंदूक की 12 बोर की गोली लगने से हुई है। चूंकि सोनू को काफी नजदीक से सीने में गोली मारी गई थी, इसलिए छर्रे उसके शरीर से पार हो गए थे। घायल ने रास्ते में दम तोड़ था, जबकि उसके चचेरे भाई कुलदीप व सुनील को पीजीआई में दाखिल कराया गया है। उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। आईएमटी थाना पुलिस ने ठेकेदार नोनू सहित छह लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया है।
पुलिस के मुताबिक कंसाला गांव निवासी सुनील ने दी शिकायत में बताया है कि वह प्रॉपर्टी डीलिंंग का काम करता है। वह सोमवार की सुबह दिल्ली के नजफगढ़ गया था। लौटते समय वह सोमवार की रात को मोरखेड़ी मोड़ के नजदीक एक शराब ठेके के पास दुकान पर नमकीन व पानी लेने के लिए रुक गया था। इस दौरान वहां पर उसकी शराब ठेके के कारिंदे से कहासुनी हो गई। आरोप है कि जब कारिंदा मारपीट करने लगा तो उसने फोन करके अपने ताऊ के लड़के कुलदीप व सोनू को बुला लिया। दोनों मौके पर पहुंच गए। इसी बीच कारिंदे ने अपने ठेकेदार नोनू को फोन कर जल्द आने को कह दिया। इस पर ठेकेदार स्कार्पियो गाड़ी में छह युवकों के साथ मौके पर पहुंच गया। इसके साथ ही एक अन्य गाड़ी में चार-पांच युवक भी आ गए। आरोपी डोगा बंदूक, पिस्तौल व दूसरे हथियार लिए हुए थे। आते ही उन्होंने अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। इसमें गोली लगने से सोनू, कुलदीप व सुनील घायल हो गए। इसी बीच उसके पिता व अन्य परिवार के सदस्य भी मौके पर पहुंच गए। परिजन तीनों घायलों को पीजीआई ले गए, जहां सोनू ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। पुलिस ने घायल सुनील के बयान पर शराब ठेकेदार निरंजन उर्फ नैनू, आनंद, जोगेंदर, भोलू, सुनील व अन्य के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया है।
कंसाला गांव में सोमवार की रात को शराब ठेके के बाहर दो पक्षों में झगड़ा हुआ था। इस दौरान एक पक्ष ने फायरिंग कर दी, जिसमें गोली लगने से चिकन कार्नर संचालक सोनू की मौत हो गई, जबकि उसके दो चचेरे भाई घायल है। सोनू गोली सामने से मारी गई है। शराब ठेकेदार समेत छह लोगों के खिलाफ केस दर्ज कराया गया है।
- कुलदीप सिंह, थाना प्रभारी, आईएमटी