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चांद पर हमारे अरमान: रोहतक के एरो फास्टनर्स के नट-बोल्ट से बना चंद्रयान, 14 जुलाई को लॉन्चिंग लगभग तैयारी पूरी

Thu, 13 Jul 2023 01:12 PM IST
नवीन दलाल विकास सैनी, रोहतक (हरियाणा)

सार

रोहतक के फास्टनर्स में बनाने वाले सूक्ष्म व अहम नट बोल्ट में स्टेनलेस स्टील, जिंक समेत अनेक धातुओं का प्रयोग किया जाता है। जिसके कारण चंद्रयान-3 के चंद्रमा पर पहुंचने की गौरवशाली विकास यात्रा में विशेष तकनीक से बने रोहतक के नट बोल्ट की भी अहम भूमिका होगी।
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एरो फास्टनर्स में काम करता कारीगर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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चंद्रयान-3 का सफल प्रक्षेपण रोहतक को भी चार चांद लगाने वाला साबित होगा। हमारे सूक्ष्म व अहम नट बोल्ट 14 जुलाई को चांद पर रखे जाने वाले अगले कदम को सुगम बनाएंगे। इसके लिए भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) को रोहतक से 60 लाख फास्टनर्स (विभिन्न प्रकार के नट बोल्ट) भेजे गए हैं। चंद्रयान-3 के चंद्रमा पर पहुंचने की गौरवशाली विकास यात्रा में विशेष तकनीक से बने रोहतक के नट बोल्ट की भी अहम भूमिका होगी।

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चंद्रयान-3 का सफल प्रक्षेपण रोहतक के उद्योग जगत को लगाएगा चार चांद
इसरो ने 14 जुलाई को चंद्रयान-3 की लॉन्चिंग की तैयारी लगभग पूरी कर ली है। इस लांचिंग में रोहतक के नट बोल्ट का अहम स्थान रहेगा। इन्हें खास धातु के मिश्रण से तैयार किया गया है। ये नट जितने मजबूत हैं, उतने ही नाजुक भी हैं। ये निश्चित समय व भार पड़ने पर स्वत: टूट जाएंगे। ये भारी भरकम रॉकेट को अंतरिक्ष में ले जाएंगे। रॉकेट या लांचर को अंतरिक्ष तक ले जाने व इसके बाद एक निश्चित वायुदाब पर इनके टूटकर स्वत: अलग होने के गुण ही इन नट बोल्ट की खासियत है।

कच्चे माल की रूस पर निर्भरता हुई खत्म
डीआरडीओ ने तकनीक को विशेष तवज्जो दी है। इसके चलते नियमों में कुछ बदलाव करते हुए अब तकनीक या कच्चे माल के लिए केवल रूस पर ही निर्भरता नहीं रही है। अब हम फ्रेंच, यूनाइटेड स्टेट, इस्राइल की तकनीक भी प्रयोग करने लगे हैं। इससे कच्चा माल आसानी से उपलब्ध हो जाता है। बेहतर गुणवत्ता के फास्टनर्स तैयार करने में इस कच्चे माल के साथ तय शर्तों व मानकों के अनुसार अन्य तत्व व धातु प्रयोग की जाती है। इसमें स्टेनलेस स्टील, जिंक समेत अनेक धातु शामिल हैं। सेना के लिए राडार, मिसाइल सिस्टम, सबमरीन, एयर क्राफ्ट, हेलीकॉप्टर के लिए भी फास्टनर्स तैयार कर सप्लाई कर रहे हैं।
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चंद्रयान से स्वत: अलग होने का तकनीकी गुण ही इन नट बोल्ट की खासियत
चंद्रयान-3 को चंद्रमा तक ले जाने के लिए इसरो ने विशेष लांचर तैयार किया है। इसे हलका व मजबूत बनाने पर खास ध्यान दिया गया है। इसके चलते बड़े व भारी नट की बजाय एक एमएम वाले हजारों फास्टनर्स प्रयोग किए गए हैं। यह छोटे नट न केवल हल्के हैं, बल्कि बेहद मजबूत भी हैं। इसी से पूरा सिस्टम तैयार किया गया है। - जसमेर लाठर, प्रबंध निदेशक एरो फास्टनर्स, रोहतक।

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