10 साल प्रदेश के मुख्यमंत्री व चार बार सांसद रहे भूपेंद्र सिंह हुड्डा 2000 से गढ़ी सांपला-किलोई हलके में अंगद की तरह पैर जमाकर बैठे हैं। विपक्ष अब तक उनको हराना तो दूर, कांटे की टक्कर तक नहीं दे सका है। 1982 से अब तक के राजनीतिक सफर में हुड्डा केवल चार बार 1982 और 1987 में किलोई से विधानसभा और 1999 में रोहतक व 2019 में सोनीपत लोकसभा सीट हारे हैं। 2000, 2005,2009, 2014 व 2019 से वे लगातार किलोई हलके से विधायक हैं। इससे पहले 1991, 1996, 1998 में रोहतक लोकसभा सीट से ताऊ देवीलाल को हराकर प्रदेश की राजनीति का बड़ा चेहरा बनकर उभरे थे।
कौन कब किस हलके से बना विजेता
वर्ष विजेता पार्टी
1952 चौधरी माड्ू सिंह जमींदार पार्टी
1957 सूरजभान निर्दलीय
1962 चौधरी रामस्वरूप हरियाणा लोक समिति पार्टी
1967 महंत श्रेयोनाथ निर्दलीय
1968 चौधरी रणबीर हुड्डा कांग्रेस
1972 महंत श्रेयोनाथ कांग्रेस (एस)
1977 हरिचंद हुड्डा जनता पार्टी
1982 हरिचंद हुड्डा लोकदल
1987 श्रीकृष्ण हुड्डा लोकदल
1991 कृष्णमूर्ति हुड्डा कांग्रेस
1996 श्रीकृष्ण हुड्डा एसएपी
2000 भूपेंद्र सिंह हुड्डा कांग्रेस
2005 भूपेंद्र सिंह हुड्डा कांग्रेस
2009 भूपेंद्र सिंह हुड्डा कांग्रेस
2014 भूपेंद्र सिंह हुड्डा कांग्रेस