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गुब्बारा फूटा, गले में फंसा, बच्ची की मौत

Fri, 25 Apr 2014 02:28 AM IST
रोहतक
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शहर की शिवाजी कॉलोनी में खेलते समय गुब्बारा निगल लेने के कारण एक चार साल की बच्ची की मौत हो गई। बच्ची के परिजन हालत बिगड़ने पर उसे पीजीआई भी लेकर आए, मगर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
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घटना की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने बच्ची के शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद उसे परिजनों को सौंप दिया। मूल रूप से गुजरात के अहमदाबाद निवासी विजय बृहस्पतिवार सुबह अपने किराए के घर में बैठे हुए थे। वे काम पर जाने की तैयारी कर रहे थे उनके पास बैठी उनकी 4 साल की बेटी काजल गुब्बारा फुला रही थी।


 अचानक गुब्बारा फूट गया तथा काजल ने उसे मुंह में ले लिया। गुब्बारा उसके गले में जा फंसा। गुब्बारा फंसने के कारण जब काजल की हालत बिगड़ी तो विजय ने उसे बचाने का प्रयास किया तथा गुब्बारा निकालने का प्रयास किया। मगर बात नहीं बनी। इस पर वह काजल को पीजीआई ले आया।
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यहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया। काजल के अलावा विजय के एक 14 साल की पुत्री तथा एक 8 साल का पुत्र हैं।


वह सांवली थी, तभी तो उसका नाम काजल रखा। दुबली-पतली मेरी गुड़िया आंगन में चिड़िया की तरह कूदती थी। उसे देख सारी थकान उतर जाती। अब उसे कैसे उठाऊं। हमारे दो बच्चे और हैं, मगर काजल सबकी लाडली थी। काजल की मां अंजू को तो अभी तक इस बारे में पता ही नहीं है।

जब उसे पता चलेगा तो वो तो अपनी जान ही दे देगी। यह कहना है शिवाजी कॉलोनी निवासी विजय का। आंखों के सामने ही बेटी को तिल-तिल कर मरते देखने का दर्द उसकी आंखों में आ रहे आंसू बयां कर रहे थे। विजय ने बताया कि काजल पैदा होते ही उसने काजल को अपने हाथों में लिया था।

मगर आज जब उसका शव हाथों में उठाना पड़ा तो ऐसा लगा जैसे जमीन फटने वाली हो। ऐसा लगता है कि उसकी जिंदगी ही उजड़ गई है। विजय ने कहा कि काजल के चेहरे को देखकर ऐसा लग रहा था, जैसे वो उठकर पापा-पापा बोलेगी तथा उसे अपने गले लगा लेगी।


विजय ने बताया कि काजल के गुब्बारा निगलते ही उसकी हालत बिगड़ने लगी थी। जब उसे पता चला तो उसने गले से गुब्बारा निकालने का प्रयास भी किया तथा उसकी पीठ थपथपाई। मगर कोई फायदा नहीं हुआ। 



जब बच्ची की मां के बारे में विजय से पूछा गया तो उसने बताया कि वह फेरी लगाने के लिए बाजार गई हुई है तथा उसे घटना का पता ही नहीं है। यह सोचते हुए विजय की आंखों में पानी व मन में खौफ पैदा हो गया कि वह अपनी पत्नी अंजू को घटना के बारे में कैसे बताएगा। रात को आते ही सबसे पहले काजल के बारे में पूछेगी।



चिकित्सकों ने बच्ची की पोस्टमार्टम रिपोर्ट तो सार्वजनिक नहीं की है, मगर सूत्रों के अनुसार उसकी मौत दम घुटने के कारण हुई है। गले में उतरते ही गुब्बारा सांस की नली पर चिपक गया, जिसके कारण वह सांस नहीं ले पाई। यही वजह रही कि उसका दम घुट गया तथा उसकी मौत हो गई।


डॉ. आजाद सिंह हुड्डा ने बताया कि गुब्बारे बच्चों के लिए बहुत हानिकारक होते हैं। मुंह से गुब्बारा फुलाने के कारण इंफेक्शन होने का भय बना रहता है। अगर बच्चों को गुब्बारा दिया जाता है तो उसे मशीन से फुलाएं तथा खेलने के दौरान उस पर विशेष ध्यान रखें।
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