सांपला। थाना सांपला इलाके में वर्ष 1981 के सड़क दुर्घटना में एक व्यक्ति की मौत के मामले में आरोपी को पुलिस ने करीब 35 साल बाद गिरफ्तार किया है। मुखबिर की सूचना पर पंजाब के राईचाख गुरदासपुर में रह रहे आरोपी को उसके घर से गिरफ्तार किया गया। पुलिस रिकार्ड में दर्ज हुलिये से मिलान कर पहचान की गई। यही नहीं, गिरफ्तारी के दौरान पुलिस को गांव का विरोध भी झेलना पड़ा। बाद में इलाके के डीएसपी से संपर्क कर आरोपी को अदालत में पेश किया गया। यहां से उसे जेल भेज दिया गया।
थाना प्रभारी सांपला निरीक्षक राजेंद्र सिंह ने बताया कि आठ जनवरी 1981 को राईचाख गुरदासुपर का सुखविंद्र ट्रक लेकर जा रहा था। उसने नेशनल हाईवे-10 पर इस्माईला रेलवे फाटक के पास ट्रैक्टर-ट्रॉली को ट्रक से टक्कर मार दी। इस हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई। पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया। उसे 12 सितंबर 1987 को दो वर्ष कैद व जुर्माने की सजा हुई। इसके बाद उसने हाईकोर्ट में अपील की। यह अपील खारिज हो गई। जमानत पर रिहा होने के बाद वह फरार हो गया। इसके बाद से पुलिस को उसकी तलाश थी। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने कई बार प्रयास किये, मगर वह हर बार बच निकलता। इस बार पुलिस ने उसके गांव में भेजे अपने मुखबिर की सूचना पर छापा मारकर उसके घर से काबू किया। उसकी गिरफ्तारी की सूचना मिलने पर गांव के लोगों ने पुलिस को विरोध किया। यही नहीं, पुराना केस बताते हुए छोड़ने की भी अपील की। बाद में इलाके के डीएसपी से संपर्क कर आरोपी को गिरफ्तार कर रोहतक लाया गया। यहां से अदालत ने उसे जेल भेज दिया।