रोहतक/महम। पुलिस की सीआईए-1 स्टाफ टीम ने सैमाण के रोहित हत्याकांड की वारदात में फरार चल रहे दस हजार रुपये के इनामी आरोपी अमित उर्फ मीतू उर्फ डॉन को गिरफ्तार कर लिया है। यह सैमाण निवासी अशोक की हत्या मामले में भी शामिल रहा है। इसे शनिवार को अदालत में पेश किया गया। यहां से अदालत ने उसे पूछताछ के लिए दो दिन के रिमांड पर पुलिस को सौंप दिया। इससे गहन पूछताछ की जा रही है।
सीआईए वन प्रभारी एसआई अनेश कुमार के नेतृत्व में हत्याकांड की जांच की गई। इसके तहत 31 दिसंबर की रात पुलिस की सघन जांच हुई। इसमें सीआईए वन प्रभारी के अलावा एएसआई रवींद्र व एएसआई सुशील भी शामिल रहे। गश्त के दौरान आरोपी को आईडीसी चौक हिसार रोड रोहतक से गिरफ्तार किया। वारदात में शामिल रहे 12 आरोपियों को पहले गिरफ्तार किया जा चुका है। इस केस में अभी तीन आरोपी फरार हैं। पूछताछ में अमित ने खुलासा किया कि 23 दिसंबर को उसने अपने साथियों के साथ मिलकर सैमाण निवासी अशोक की गोली मारकर हत्या की वारदात को अंजाम दिया। वारदात के बाद आरोपियों ने सोशल मीडिया पर वारदात संबंधित मैसेज पोस्ट किया।
यह था मामला
एएसपी कृष्ण कुमार लोहचब ने बताया कि 16 जून को सैमाण के घर में युवक पर ताबड़तोड़ फायरिंग होने की सूचना मिली थी। इस पर पुलिस टीम वहां पहुंची और जांच शुरू की। मृतक युवक की पहचान सैमाण निवासी रोहित के रूप में हुई। मृतक के पिता जगदीश के बयान पर हत्या का केस दर्ज किया गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि 16 जून को रोहित की बहन व जीजा अनेश घर आए हुए थे। रात के समय पूरा परिवार घर पर था। इसमें रोहित, अनेश व संदीप भी शामिल हैं। रात करीब 9 बजे चार-पांच बाइकों पर सवार अज्ञात युवक रोहित के घर में घुस गए और रोहित व अन्य पर ताबड़ तोड़ फायरिंग कर फरार हो गए। इस वारदात में अनेश व संदीप को भी गोलियां लगी। रोहित के माता-पिता ने छुपकर अपनी जान बचाई। रोहित की मां व बहन के शोर मचाने पर हमलावर भाग खड़े हुए। इनमें से आए एक आरोपी से परिवार के सदस्यों की हाथापाई हो गई। इसमें हमलावर के हाथ से पिस्तौल रोहित के घर पर ही गिर गयी। गोली लगने से घायल रोहित, अनेश व संदीप को पीजीआईएमएस पहुंचाया गया। यहां डॉक्टरों ने रोहित को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद से मामले की जांच चल रही है।