संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। जिले में धूप और लू के थपेड़ों का असर बढ़ने लगा है। तापमान हर दिन बढ़ता जा रहा है। धूप की तपिश और लू के थपेड़ों ने हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ा दिया है। शनिवार को अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस रहा था, हालांकि रविवार को अधिकतम तापमान 40 डिग्री और न्यूनतम तापमान 21.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
दरअसल तापमान 42 डिग्री से ऊपर निकलते ही शरीर के लिए खतरनाक बन जाता है। खुली धूप और लू के बीच गुजरने से शरीर का तापमान भी काफी तेजी से बढ़ने लगता है। इसमें बुखार, उल्टी, सिरदर्द और बेहोशी जैसी समस्याओं के साथ ही जान जाने का भी खतरा हो सकता है। इससे बचाव के लिए जिला प्रशासन ने एडवाइजरी जारी की है। इसके मुताबिक जहां तक संभव हो तेज धूप में बाहर न निकलें। ज्यादा से ज्यादा पानी पीयें, सफर में भी अपने साथ पानी रखें। जब भी बाहर धूप में जाएं तो हल्के रंग के ढीले ढाले एवं सूती कपड़े पहनें। धूप के चश्मे का इस्तेमाल करें। गमछे या टोपी से अपने सिर को ढककर रखें। अधिक तापमान में बहुत अधिक शारीरिक श्रम न करें।
रसीले फलों का करें सेवन
चिकित्सकों के अनुसार गर्मी में हल्का भोजन करें, अधिक पानी की मात्रा वाले मौसमी फल जैसे तरबूज, खीरा, ककड़ी, खरबूजा, संतरा आदि का अधिकाधिक का सेवन करें। ज्यादा प्रोटीन वाले भोजन जैसे मांस, अंडा व सूखे मेवे जो शारीरिक ताप को बढ़ाते हैं, से परहेज करें। घर में बने पेय पदार्थ जैसे लस्सी, नमक- चीनी का घोल, छाछ, नींबू-पानी, आम का पन्ना आदि का नियमित सेवन करें। अपने दैनिक भोजन में कच्चा प्याज, सतू, पुदीना, सौफ तथा खस को भी शामिल करें।
चाय-कॉफी जैसे गर्म पेय पदार्थ और तंबाकू से बचें
चाय, काफी जैसे गर्म पेय तथा जर्दा तंबाकू आदि मादक पदार्थों का सेवन न करें। बच्चों को बंद वाहनों में अकेला न छोड़ें। जानवरों को छांव में ही रखें और उन्हें भी खूब पानी पिलाते रहें। रात में घर में ताजी और ठंडी हवा आने की व्यवस्था रखें। अगर तबीयत ठीक न लगे या चक्कर आएं तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
लू लगने पर स्वास्थ्य केंद्रों से संपर्क करें
नागरिक अस्पताल में फिजिशियन डॉक्टर रणबीर सिंह ने बताया कि जरूरत न हो तो तेज धूप में नहीं निकलें। लू लगने पर स्वास्थ्य केंद्रों से संपर्क करें। वहां इलाज की पूरी व्यवस्था की गई है। समय रहते सतर्कता बहुत ही जरूरी है।