लोगों को नशे के खिलाफ जागरूक करती जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की टीम। स्रोत : प्रशासन
रेवाड़ी। अंतरराष्ट्रीय नशा निषेध एवं अवैध तस्करी विरोधी दिवस के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की तरफ से विभिन्न स्थानों पर नशा मुक्ति एवं जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
जिला जेल में आयोजित कार्यक्रम में यशपाल शर्मा ने बंदियों को नालसा योजना के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज तीनों के लिए घातक है। उन्होंने नशे से दूर रहने, स्वस्थ जीवनशैली अपनाने तथा नशा मुक्ति एवं पुनर्वास की सुविधाओं का लाभ उठाने का आह्वान किया।
पैनल अधिवक्ता विकास यादव ने ब्रास मार्केट स्थित कोचिंग संस्थानों एवं पुस्तकालयों में विद्यार्थियों और युवाओं को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराया तथा उन्हें नशे से दूर रहकर शिक्षा, खेल एवं सकारात्मक गतिविधियों की ओर अग्रसर होने के लिए प्रेरित किया।
इस दौरान विक्की विग, अमृत, चरणजीव, दीपक सैनी और हेमंत ने शिक्षण संस्थानों, पुनर्वास केंद्रों तथा सामाजिक माध्यमों के माध्यम से नशा मुक्ति के प्रति व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया।
इस अवसर पर उपस्थित लोगों को नशा मुक्त भारत के निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाने तथा समाज से नशे की बुराई को समाप्त करने का संकल्प दिलाया गया।