रेवाड़ी। गोकल गेट चौकी के पास नालों को बिना अनुमति सीधे जनस्वास्थ्य विभाग की सीवर लाइन से जोड़ने का मामला सामने आया है। जनस्वास्थ्य विभाग के जेई नवीन ने आपत्ति जताते हुए नगर परिषद के अध्यक्ष, डीएमसी और संबंधित एक्सईएन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। विभाग ने चेताया है कि यदि ऐसे कनेक्शन नहीं रोके गए तो आने वाले समय में शहर की सीवर लाइनें बार-बार जाम हो सकती हैं और सड़कों पर सीवर ओवरफ्लो की समस्या बढ़ सकती है।
जनस्वास्थ्य विभाग के अनुसार गोकल गेट चौकी के पास नालों को तोड़कर उनका पानी पीएचईडी की सीवर लाइन में डालने की कोशिश की गई। विभाग की अनुमति या तकनीकी स्वीकृति के बिना किए जा रहे ऐसे कनेक्शन से सीवर नेटवर्क की क्षमता और संचालन प्रभावित होने की आशंका है।
जेई नवीन ने नगर परिषद अधिकारियों को स्पष्ट किया है कि किसी भी नाले या ड्रेन को पीएचईडी की सीवर लाइन से जोड़ना, उसमें पानी छोड़ना अथवा सीवर लाइन को काटना बिना विभागीय अनुमति के नहीं किया जा सकता।
विभाग की चिंता केवल एक स्थान तक सीमित नहीं है। अधिकारियों के मुताबिक नालों का पानी सीधे सीवर नेटवर्क में जाने से लाइन पर अतिरिक्त भार पड़ सकता है। इससे सीवर लाइन में गाद और अन्य सामग्री पहुंचने के कारण ब्लॉकेज की समस्या बढ़ सकती है।
यदि ऐसे कनेक्शन लगातार होते रहे तो इसका असर शहर की पूरी सीवर व्यवस्था पर पड़ सकता है। इसी वजह से जनस्वास्थ्य विभाग ने नगर परिषद से बिना अनुमति किए गए कनेक्शनों को तत्काल बंद कराने और पहले से जुड़े कनेक्शनों को डिस्कनेक्ट कराने की मांग की है।
जेई नवीन ने मामले को अत्यंत आवश्यक बताते हुए कहा है कि ऐसे कार्य तुरंत रोके जाने चाहिए। उनका कहना है कि सीवर लाइन को नुकसान पहुंचाने या उसमें अनधिकृत तरीके से नाले का पानी डालने की अनुमति नहीं दी जा सकती।