रेवाड़ी। क्षय रोग (टीबी) के मरीजों की मदद के लिए बुधवार को विभिन्न कंपनियों, शैक्षणिक संस्थानों और आम लोगों ने मिलकर कुल 832 मरीजों को गोद लिया है। इस पहल का मकसद मरीजों को दवा के साथ-साथ अच्छा खाना और जरूरी सहायता देना है। टीबी प्रोग्राम मैनेजर सीमा अंसारी ने बताया कि टीबी का इलाज पूरी तरह संभव है, लेकिन इसके लिए समय पर दवा और पोषण मिलना बहुत जरूरी होता है।
इन्होंने उठाई जिम्मेदारी
सेक्टर-18 स्थित राजकीय कन्या महाविद्यालय ने सबसे ज्यादा 251, कार कंपनी के शोरूम ने 100, गैस एजेंसी ने 50, एक कंपनी ने 100 व एक अन्य कंपनी ने 31 मरीजों की जिम्मेदारी उठाई है। ये संस्थाएं मरीजों को जरूरी सामान और पोषण उपलब्ध करवा रही हैं। इस अभियान में आम नागरिक भी पीछे नहीं हैं। व्यक्तिगत स्तर पर करीब 300 मरीजों को गोद लिया गया है। लोग अपने स्तर पर मरीजों को फल, दूध और अन्य जरूरी चीजें दे रहे हैं, जिससे मरीजों को पोषण मिलता रहे।
इस वर्ष मिल चुके हैं 540 नए केस
साल 2026 में जनवरी से अब तक जिले में 540 नए टीबी मरीज सामने आ चुके हैं। वर्तमान में जिले में कुल 1487 मरीजों का इलाज चल रहा है।
लोगों और संस्थाओं से अपील है कि वे इस अभियान से जुड़ें, ताकि ज्यादा से ज्यादा मरीजों को मदद मिल सके। इस तरह के प्रयासों से जिले को टीबी मुक्त बनाने में काफी मदद मिलेगी और मरीजों को नई उम्मीद मिलेगी।
- डॉ. विक्रम, नोडल अधिकारी, क्षय रोग