संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। नैतिक रूप से समृद्ध विद्यार्थी देश की सबसे मूल्यवान पूंजी होते हैं। ऐसे में सबसे पहले विद्यार्थियों का संस्कारवान होना जरूरी है। ये बातें सेवानिवृत्त जिला बाल कल्याण अधिकारी विपिन शर्मा ने सोमवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय लूखी में आयोजित नैतिक शिक्षा एवं नशा एक अभिशाप विषयक व्याख्यान में कहीं।
उन्होंने कहा कि वह खुद राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय लूखी के विद्यार्थी रहे हैं। वर्तमान में वह नारनौल में रहते हैं लेकिन गांव लूखी के मूल निवासी हैं। उन्होंने अपने निजी कोष से विद्यालय को ग्यारह हजार रुपये नकद राशि दान की।
प्राचार्य उमा यादव ने विद्यालय परिवार की ओर से उनका आभार व्यक्त किया। विद्यालय की ओर से उन्हें स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ प्रवक्ता श्रीभगवान बव्वा ने किया।
इस मौके पर प्रवक्ता राजपाल यादव, अमित सोलंकी, अंजू बाला, कैलाश चंद, सुनील यादव, कविता शर्मा, आशा यादव, प्रेरणा यादव, सरोज यादव, मुकेश कोहारड, मधु यादव, संजय शर्मा मौजूद रहे।