संवाद न्यूज एजेंसी
बावल। सरकार विदेशों से समझौता कर रही है और आयात कर घटा रही है। 15 लाख करोड़ का सामान भारत आने वाला है जिससे भारत के किसानों को अमेरिका से मुकाबला करना होगा। सरकार किसानों के लिए मजबूत नीति नहीं बना रही है। ये बातें भाकियू के राष्ट्रीय प्रदान गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने बावल में आयोजित एक निजी कार्यक्रम में कहीं।
गुरनाम सिंह चढूनी बावल में यूनियन के जिला उप प्रधान जगदीश की पोती की शादी में पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने 3 अगस्त को होने वाली बैठक व पंचायत की तैयारी की समीक्षा की। पदाधिकारियों के साथ बातचीत की।
गुरनाम सिंह ने कहा कि भारत की जनसंख्या अमेरिका से बहुत अधिक है। हमारे यहां का किसान खेती पर निर्भर हैं। 50 प्रतिशत लोग खेती से ही गुजर बसर करते हैं। अमेरिका में केवल 3 प्रतिशत लोग खेती करते हैं।
वहां पर जमीन काफी अधिक है, क्योंकि आबादी कम है। हमारे यहां आबादी अधिक व जमीन कम है। उन्होंने कहा कि ऑनलाइन खरीदारी से लोकल दुकानदार बेरोजगार हो रहे हैं जिससे बाजार प्रभावित हो रहा है।
कुछ कंपनी ऑनलाइन सामान बेचकर मुनाफा कमा रही है, जिससे बाजार के दुकानदार बेरोजगार होने की कगार पर हैं। सरकार किसानों के लिए मजबूत नीति नहीं बना रही है। उन्होंने तीन तारीख की पंचायत का भी निमंत्रण दिया।
इस मौके पर समय सिंह प्रधान, राजेंद्र कुमार गेरा, शीशराम साहब, राजवीर, कैलाश, लोकेश रोशन लाल, वेद सुल्तानिया मनफूल चौधरी, मुन्नी बूढ़पुर मनीष यादव, राजपाल दहिया, विक्रम कसाना, प्रदेश अध्यक्ष सत्यवान नरवाल, हरपाल सिंह मौजूद रहे।