रेवाड़ी। तालमेल कमेटी के आह्वान पर सुभाष पार्क में पिछले आठ दिसंबर से आंगनबाड़ी कर्मचारियों का चल रहा धरना-प्रदर्शन सोमवार को भी जारी रहा। वक्ताओं का कहना है कि सरकार के भेदभावपूर्ण रवैये के खिलाफ चल रहे धरने को एक माह से अधिक समय बीतने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। सरकार की ओर से जब आश्वासन दिया जा रहा है तो लिखित में देने में क्या दिक्कत हो सकती है।
आंगनबाड़ी कर्मियों ने 2018 में भी धरना-प्रदर्शन किया था। उस समय सरकार ने कुछ वायदे किए थे, परंतु सरकार ने अभी तक उनको लागू नहीं किया है। इससे पता लगता है कि सरकार की मनसा आंगनबाड़ी कर्मियों के प्रति सही नहीं है। जिला प्रधान तारा देवी ने बताया की सरकार ने धरने को प्रभावित करने की पूरी कोशिश की, परंतु कर्मचारियों की एकता के चलते विचलित नहीं हुईं। उन्होंने कहा कि सरकार ने उनकी मांगें नहीं मानी तो 12 जनवरी को जेल भरो आंदोलन करते हुए गिरफ्तारियां देंगी। सरकार के खिलाफ खोले गए इस मोर्चे में प्रदेश की सभी आंगनबाड़ी कर्मी एकजुट हैं और सरकार का विरोध कर रही हैं। धरने में राजेश, बिदु, सविता, निर्मला, कमलेश, सुमित्रा, सुनील, पवित्रा, आशा, उर्मिला, राजबाला, सुशीला, मुकेश, माया, संतरा, सुमन, राम भतेरी, नीरू, पुष्पा, बबीता आदि ने विचार रखे।