हरियाणा के जिला सोनीपत के गोहाना रैली में रिटायर्ड कर्मचारियों की अनदेखी से नाराज जिलेभर के रिटायर्ड कर्मचारियों ने शुक्रवार को फतेहाबाद में रोष प्रदर्शन किया।
कर्मचारियों ने मुख्य संसदीय सचिव प्रहलाद सिंह गिल्लाखेड़ा के हिसार रोड स्थित कार्यालय पर धरना देकर नारेबाजी की। रिटायर्ड कर्मचारियों ने सीपीएस को मुख्यमंत्री के नाम 23 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा।
धरने की अध्यक्षता रिटायर्ड कर्मचारी संघ के जिला प्रधान मोहन लाल ग्रोवर ने की। इससे पूर्व जिलेभर के रिटायर्ड कर्मचारी पटवार भवन में एकत्रित हुए।
संघ के राज्य महासचिव राजेंद्र सिंह अहलावत ने कहा कि अपनी मांगों के लिए संघर्ष करने के साथ-साथ सामाजिक कार्यों में भी हिस्सा लेना चाहिए।
उन्होंने कहा कि 10 नवंबर को मुख्यमंत्री ने गोहाना रैली में कई वर्गों को राहत देने की घोषणा की थी परंतु प्रदेश के तीन लाख रिटायर्ड कर्मचारियों के बारे में एक शब्द तक नहीं कहा।
जिला प्रधान मोहन लाल ग्रोवर ने बताया कि पीएफआरडीए कानून हरियाणा में लागू नहीं किया जाना चाहिए।
इसके अलावा उन्होंने मासिक मेडिकल भत्ता 3 हजार रुपये करने, अंतरिम राहत पेंशनरों को भी देने, पंजाब स्तर पर हर पंाच वर्ष बाद 10 प्रतिशत बेसिक पेंशन बढ़ाने, समान रैंक समान पेंशन देने, अंतिम वेतन पर पैंशन सुविधा 1 जनवरी 2006 से लागू करने आदि की मांग की।
सभा को सर्व कर्मचारी संघ के पूर्व प्रधान पूनम चंद रत्ति, रिटायर्ड कर्मचारी संघ के उपप्रधान दरबारा सिंह, ज्ञान विज्ञान समिति के सचिव हरनाम सिंह, राज्य कमेटी सदस्य जोगेन्द्र सिंह भ्याना, रामकुमार शर्मा, हरबंस लाल सेठी, अमर सिंह यादव, रतिया प्रधान बलबीर सिंह, भूना प्रधान ओमप्रकाश चौबारा, फतेहाबाद प्रधान महेन्द्र रत्ति, सतीश कुमार सहित कई कर्मचारी नेताओं ने संबोधित किया।