पानीपत। इन दिनों प्रचंड ठंड अपने तीखे तेवर दिखा रही हैं। सुबह कोहरा, दिनभर छाए रहने वाले बादल तथा धीमी ठंडी हवाओं से लोग कंपकंपाने को मजबूर हैं। सुबह-शाम की ठंड नश्तर की भांति चुभ रही है। वहीं, मौसम विभाग ने नई चेतावनी जारी की है।
मौसम विभाग के अनुसार, नया पश्चिमी विक्षोभ फिर से आ रहा है। ईरान में नया विक्षोभ उठकर तेजी से उत्तर भारत की ओर आगे बढ़ रहा है। इसका असर 18 जनवरी की रात से आने लगेगा। इसके बाद हवा की गति यदि अनुकूल रही तो 19 जनवरी को बूंदाबांदी की संभावना बन रही है। हालांकि, अभी मौसम परिवर्तनशील व शुष्क बना रहेगा। अब सूखी ठंड ठिठुरन बढ़ाने वाली होगी।
18 तक शुष्क रहेगा मौसम
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, अब 18 जनवरी तक मौसम शुष्क रह सकता है। इसके साथ गहरी धुंध बढ़ने की संभावना है। दूसरी तरफ, पहाड़ों में पश्चिमी विक्षोभ के बाद से ही बर्फबारी शुरू हो गई है। मैदानी इलाकों में सुबह-शाम धुंध के साथ-साथ शीतलहर भी सताएगी। शनिवार सुबह की शुरुआत भी हल्की धुंध, आसमान में छाए बादलों व हल्की शीतलहर के साथ हुई। ठंडी हवाओं के कारण राहगीरों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कड़ाके की ठंड से जहां पशु पक्षियों का जीवन अस्त व्यस्त है।
नहीं हुए सूर्यदेव के दर्शन, 80 प्रतिशत पहुंची नमी
शनिवार को पूरा दिन सूरज के दर्शन नहीं हो सके। वातावरण में नमी की मात्रा भी 80 प्रतिशत तक बनी हुई है। हाड़ कंपाने वाली ठंड से बचने के लिए लोगों को अलाव का सहारा लेना पड़ा। नश्तर की तरह चुभती बर्फीली हवाओं ने लोगों को कंपकंपा दिया। शाम को गलन और बढने से बाजारों में सांझ ढलने के साथ ही बाजार सूने हो गए।
यहे रहा पानीपत का तापमान
बीते दिनों की भांति शनिवार को भी आसमान में बादल छाए रहे। वहीं, ठंडी हवाओं ने ठिठुरन बढ़ा दी। शनिवार को अधिकतम व न्यूनतम तापमान में एक से दो डिग्री की गिरावअ दर्ज की गई। पानीपत का अधिकतम तापमान 14.2 डिग्री और न्यूनतम तापमान 6.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, वातावरण में नमी की मात्रा 80 प्रतिशत और हवा की गति करीब 9 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई।
मौसम परिवर्तनशील व शुष्क बना हुआ है। 18 जनवरी तक मौसम शुष्क रहने की संभावना है। वहीं, नया पश्चिमी विक्षोभ फिर से आ रहा है। ईरान में नया विक्षोभ उठकर तेजी से उत्तर भारत की ओर आगे बढ़ रहा है। इसका असर 18 जनवरी की रात से आने लगेगा। इसके बाद हवा की गति यदि अनुकूल रही तो 19 जनवरी को बूंदाबांदी की संभावना बन रही है। इससे कड़ाके की ठंड के साथ कोहरे के पड़ने की संभावना है। - डॉ. डीएस बुंदेला, मौसम वैज्ञानिक।