अब दिल्ली और करनाल की तर्ज पर शहर के एंट्री और एग्जिट प्वांइट पर निगम दो भव्य शाही स्वागत द्वार बनाने जा रहा है। ये द्वार जीटी रोड के ऊपर से नहीं बल्कि अंदर वाले रास्तों पर 60 फुट चौड़े रोड के ऊपर से बनाए जाएंगे। हर द्वार पर 64.66 लाख रुपये का खर्च आएगा। इसके लिए निगम ने विभागीय अनुमति से टेंडर लगा दिए हैं।
दोनों द्वार की 3-डी इमेज फाइनल हो चुकी है। अब इनका टेंडर खुलते ही महज 6 माह के भीतर दोनों भव्य द्वारों को तैयार किया जाएगा। इनमें से एक द्वार जीटी रोड से लगते सेक्टर 18 वाले रास्ते पर राधा स्वामी सत्संग भवन के सामने बनाया जाएगा, जबकि दूसरा द्वार सेक्टर-29 बाईपास पर एनएफएल के सामने तैयार होगा। ये दोनों द्वार इन दोनों 30-30 फुट के रास्तों को कवर करेंगे। इनकी ड्रांइग ग्रामीण विधायक महिपाल ढांडा से पसंद करवाई गई है।
- इसने बनेंगे दोनों द्वार और भी खास
1. दोनों शाही स्वागत द्वारों में धोलपुर पत्थर लगाया जाएगा। इनमें लाइटिंग की व्यवस्था की जाएगी। इनके नीचे रंग बिरंगी टाइल भी लगाई जाएंगी। इसके पिलरों को पत्थरों से तराश कर बनाया जाएगा। पिलरों के अंदर पत्थरों की जाली बनवाई जाएंगी। ये जाली लेजर से तराशी जाएगी। इन जालियों के अंदर रंग बिरंगी लाइटें लगाई जाएंगी। रात के समय पर इन जालियों से रंग बिरंगी रोशनी द्वार को भव्य रूप देने का काम करेंगी। द्वार के नीचे से पैदल क्रॉसिंग का रास्ता बनाया जाएगा। द्वार के नीचे दोनों तरफ तक करीब 120 फुट के एरिये को टाइलों से कवर किया जाएगा।
2. इस द्वार पर एसीपी की शीट लगाई जाएंगी। द्वार के ऊपर स्टील के अक्षरों में वेलकम टू पानीपत लिखा जाएगा। दोनों तरफ 9-9 मीटर के लाइट पोल लगाए जाएंगे। इसमें 12-12 लाइटों को लगाया जाएगा, ताकि द्वार की रोशनी दूर तक जा सके और द्वार को शहर में आने जाने वाले दूर से भी निहार सकें। इस द्वार के अंदर जालियों में 45 व 30 वाट की लाइटों को लगाया जाएगा। ये लाइटें सिर्फ फिलिप्स, हैवल्स या क्रंपटन ब्रांड की ही होंगी।
देखने में लगेंगे शाही
नगर निगम के जेई अजय छौक्कर ने बताया कि ये दोनों द्वारों का इस प्रकार से डिजाइन किया गया है कि ये देखने में शाही लगें। ये आंधी, तूफान, बारिश, गर्मी एवं सर्दी को झेल सकेंगे। इसके पिलर को 9-9 फुट चौड़ा रखा गया है। पूरे द्वार की चौड़ाई करीब 66 फुट है। इसमें आरसीसी और मार्बल की मजबूती को बेजोड़ नमूना देखने को मिलेगा। इसके अलावा ग्रेनाइट, सफेद मकराना मार्बल, पिलरों के बीच क्रॉसिंग, एसीपी जाली, कटिंग इसे दर्शनीय बनाएंगे।
वर्जन-
क्वालिटी से नहीं होगा कोई समझौता: एक्सईएन
शहर के एंट्री और एग्जिट प्वांइट पर दो शाही द्वार बनाए जाएंगे। इनको इस प्रकार से डिजाइन किया जाएगा ताकि पानीपत शहर की सुंदरता पर ये द्वार चार चांद लगा सकें। इसके निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार से किसी भी तरह का गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं होगा। हर सामान क्वालिटी और ब्रांड को ध्यान में रखते हुए लगाया जाएगा। इसकी मॉनिटरिंग खुद अधिकारी करेंगे। रोजाना प्रोग्रेस रिपोर्ट चेक की जाएगी।
- प्रदीप कल्याण, एक्सईएन, नगर निगम, पानीपत।